Lucknow Municipal Corporation: लखनऊ नगर निगम ने सील किया केंद्र सरकार का दफ्तर, निगम बोला- जब तक टेक्स नहीं जमा होगा, तब तक दफ्तर नहीं खुलेगा

Lucknow Municipal Corporation: लखनऊ नगर निगम ने हाउस टैक्स वसूली को लेकर बड़ा और सख्त कदम उठाया है। नगर निगम ने केंद्र सरकार के अधीन आने वाले प्रतिष्ठित शोध संस्थान राष्ट्रीय मत्स्य आनुवंशिक संसाधन ब्यूरो (NBFGR – National Bureau of Fish Genetic Resources) के मुख्यालय को सील कर दिया है। इस संस्थान पर नगर निगम का करीब 1 करोड़ 36 लाख रुपये से अधिक का हाउस टैक्स बकाया था, जिसका भुगतान लंबे समय से नहीं किया जा रहा था।

कई नोटिस के बाद भी नहीं हुआ भुगतान

नगर निगम अधिकारियों के अनुसार, NBFGR को कई बार नोटिस और पत्राचार के जरिए बकाया टैक्स जमा करने के लिए कहा गया था। इसके बावजूद जब भुगतान नहीं किया गया, तो नगर आयुक्त गौरव कुमार (Gaurav Kumar) के निर्देश पर सख्त कार्रवाई की गई। सोमवार सुबह नगर निगम की टीम ने तेलीबाग स्थित संस्थान के मुख्य प्रवेश द्वार पर ताला लगाकर परिसर को सील कर दिया।

जोन-4 की टीम ने की सीलिंग कार्रवाई

यह कार्रवाई लखनऊ नगर निगम (Lucknow Municipal Corporation) के जोन-4 द्वारा की गई। जोनल अधिकारी शिल्पा कुमारी की अगुवाई में टीम मौके पर पहुंची और विधिवत रूप से संस्थान को सील किया गया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि कर वसूली के मामले में किसी भी प्रकार की ढिलाई नहीं बरती जाएगी, चाहे बकाएदार निजी हो या सरकारी विभाग।

कितना है बकाया टैक्स

नगर निगम के रिकॉर्ड के मुताबिक, राष्ट्रीय मत्स्य आनुवंशिक संसाधन ब्यूरो पर हाउस टैक्स मद में कुल 1 करोड़ 36 लाख 65 हजार 932 रुपये बकाया थे। यह राशि लंबे समय से लंबित थी, जिससे नगर निगम को राजस्व का नुकसान हो रहा था।

क्या है NBFGR और क्या करता है संस्थान

भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद ने वर्ष 1983 में राष्ट्रीय मत्स्य आनुवंशिक संसाधन ब्यूरो की स्थापना की थी। शुरुआत में यह संस्थान प्रयागराज (Allahabad) में किराए के भवन में संचालित हुआ। वर्ष 1990 में इसका स्थायी मुख्यालय लखनऊ के तेलीबाग क्षेत्र में स्थापित किया गया। यह संस्थान करीब 52 एकड़ क्षेत्र में फैला हुआ है, जिसमें प्रशासनिक भवन, आधुनिक प्रयोगशालाएं, अनुसंधान खेत और आवासीय परिसर शामिल हैं। यहां देशभर की मछली प्रजातियों के आनुवंशिक संसाधनों का संरक्षण, मूल्यांकन और शोध कार्य किया जाता है।

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