
झांसी: उत्तर प्रदेश के झांसी में नकली सिगरेट बनाने वाली फैक्ट्री का भंडाफोड़ हुआ है। पुलिस ने छापेमारी के दौरान करीब 2 करोड़ रुपये की नकली सिगरेट बरामद की है। बताया जा रहा है कि इस फैक्ट्री में गोल्ड फ्लेक और विल्स जैसे ब्रांड के नाम पर नकली सिगरेट तैयार की जा रही थी। आईटीसी लिमिटेड की शिकायत के बाद हुई कार्रवाई में फैक्ट्री को सील कर दिया गया है और इसके संचालक श्रीनिवास मिश्रा को गिरफ्तार किया गया है।
आईटीसी की शिकायत पर हुई छापेमारी
मामला झांसी के नवाबाद थाना क्षेत्र स्थित महाराणा प्रताप नगर का है। यहां एक फैक्ट्री में कथित तौर पर नामी ब्रांड के नाम पर नकली सिगरेट तैयार की जा रही थी। आईटीसी लिमिटेड की शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान बड़ी मात्रा में नकली सिगरेट बरामद होने के बाद फैक्ट्री को सील कर दिया गया।

गोल्ड फ्लेक और विल्स के नाम पर चल रहा था खेल
जांच में सामने आया कि फैक्ट्री में गोल्ड फ्लेक और विल्स जैसे चर्चित ब्रांड के नाम पर सिगरेट बनाई जा रही थी। मौके से तीन बड़ी मशीनों का एक सेट चालू हालत में मिला। इन मशीनों के जरिए तंबाकू डालकर सिगरेट तैयार की जा रही थी।
छापेमारी के दौरान पुलिस ने तंबाकू के 81 बोरे और एक टैपिंग मशीन भी बरामद की है। बरामद सामान की मात्रा और मशीनों की स्थिति से फैक्ट्री में बड़े पैमाने पर उत्पादन किए जाने की आशंका है।

फैक्ट्री संचालक गिरफ्तार, अन्य लोगों की भूमिका की जांच
पुलिस ने फैक्ट्री को सील करने के साथ उसके संचालक श्रीनिवास मिश्रा को गिरफ्तार कर लिया है। अब मामले में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि नकली सिगरेट बनाने और उनकी बिक्री के पीछे और कौन-कौन लोग शामिल थे।
जांच का एक अहम पहलू यह भी है कि तैयार सिगरेट की सप्लाई कहां की जा रही थी और इस कारोबार का नेटवर्क किन इलाकों तक फैला हुआ था। पुलिस मामले से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।

नकली सिगरेट के कारोबार पर उठे सवाल
नामी ब्रांड के नाम पर नकली सिगरेट तैयार किए जाने का मामला सामने आने के बाद उत्पादों की प्रामाणिकता और उपभोक्ताओं की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। इस तरह के मामलों में ब्रांड के नाम का कथित दुरुपयोग ग्राहकों को असली और नकली उत्पाद के बीच अंतर करने में मुश्किल में डाल सकता है।
फिलहाल, पुलिस की जांच जारी है। आने वाले समय में इस कथित नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और नकली सिगरेट की सप्लाई के संबंध में और जानकारी सामने आ सकती है।









