
वाराणसी। सर्व विद्या की राजधानी काशी हिंदू विश्वविद्यालय में भगवा गमछा लेकर क्लास रूम में पढ़ने के लिए बैठे छात्र को महिला प्रोफ़ेसर के द्वारा अपमानित करने और निकाले जाने का आरोप लगा है। महिला प्रोफेसर पर भगवा गमछा लेकर गए छात्र पर अभद्र टिप्पणी करने और क्लास रूम से बाहर निकाले जाने की सूचना पर दर्जनों की संख्या में छात्र विभाग पहुंचकर विरोध किया। छात्रों ने आरोपी महिला प्रोफेसर पर कार्रवाई की मांग करते हुए विभाग के बाहर कीर्तन करते हुए प्रदर्शन किया। वहीं छात्रों के आरोप के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन में हड़कंप मच गया है। आनन-फानन में विश्वविद्यालय की प्रॉक्टोरियल टीम मौके पर पहुंचे छात्रों को शांत कराने में जुटी हुई है।
राजनीति विभाग विभाग की प्रोफेसर पर लगा भगवा गमछे पर टिप्पणी करने का आरोप…
भगवा गमछे पर अभद्र टिप्पणी और छात्र को क्लास रूम से बाहर निकाले जाने के आरोप का यह मामला काशी हिंदू विश्वविद्यालय के राजनीति विज्ञान विभाग की महिला प्रोफेसर पर लगा है। छात्रों का आरोप है कि क्लासरूम में भगवा गमछा पहन कर बैठे छात्रों को पहले क्लास रूम के अंदर महिला प्रोफेसर ने अपमानित किया और उसके पश्चात उसे क्लास रूम से बाहर निकाल दिया। जब यह बात अन्य छात्रों को पता चला तो दर्जनों की संख्या में छात्र दिन के ऑफिस में पहुंचे और महिला प्रोफेसर पर कार्रवाई करने की मांग करने लगे। विरोध करने वाले छात्रों का कहना है कि काशी हिंदू विश्वविद्यालय में गमछे को लेकर अभद्र टिप्पणी करना बेहद ही निंदनीय है। विश्वविद्यालय के संस्थापक भारत रत्न पंडित मदन मोहन मालवीय भी गमछा लेकर चलते थे और भगवे गमछे पर अभद्र टिप्पणी करना किसी शिक्षक के लिए उचित नहीं है। ऐसे में विश्वविद्यालय प्रशासन महिला प्रोफेसर पर कड़ी कार्रवाई करे।
विभाग में छात्रों ने विरोध स्वरूप किया कीर्तन, विश्वविद्यालय प्रशासन ने दिए जांच के निर्देश…
काशी हिंदू विश्वविद्यालय के राजनीति विज्ञान विभाग की महिला प्रोफेसर पर लगे आरोपों को लेकर विश्वविद्यालय में हड़कंप मचा हुआ है। इस पूरे प्रकरण पर विवाद बढ़ता देख राजनीति विभाग के विभाग अध्यक्ष ने इस पूरे मामले को लेकर मामले की जांच करने की बात कही गई है। वही इस पूरे मामले को लेकर विश्वविद्यालय प्रशासन भी जांच करने का निर्देश देने की कार्यवाही में जुटी है। छात्रों के विरोध को देखते हुए मौके पर प्रॉक्टोरियल बोर्ड की टीम और प्रोफेसर पहुंचकर छात्रों को समझने में जुटे है। वहीं छात्र आरोपी महिला प्रोफेसर पर कार्रवाई करने की मांग पर अड़े हुए है।









