
बरेली : दाऊद का ख़ास माफिया डॉन बबलू श्रीवास्तव 25 साल बाद बरेली जेल से रिहा होने जा रहा है इसको लेकर, बरेली जेल प्रशासन ने पूरी तैयारी कर ली है. सेंटर जेल में 25 साल की सजा काट चुके डॉन बबलू श्रीवास्तव की रिहाई की तैयारी जेल प्रसाशन ने कर ली है।
बबलू उसके साथी मंजीत और सैनी की रिहाई के प्रस्ताव को शासन की मंजूरी मिलते ही 15 अगस्त या उसके बाद उसकी रिहाई हो जाएगी। आपको बता दे की 1999 को मॉरीशस से बबलू और उसके तीनो साथियों का प्रत्यर्पण हुआ था जिसके बाद उसको बरेली सेंट्रल जेल के हाईसिक्योरिटी में सजा काट रहा था.
कौन है माफिया डॉन बबलू श्रीवास्तव
बबलू की कहानी शुरू होती है वर्ष 1982 के लखनऊ यूनिवर्सिटी से जहाँ वह लॉ की पढ़ाई कर रहा था. उस समय कॉलेज के चुनाव में मार पीट और लड़ाई झगड़ा आम था. बबलू उर्फ़ ओमप्रकाश महामंत्री पद के उम्मीदेवार नीरज जैन के पक्ष में प्रचार कर रहा था तभी दूसरे गुट के किसी छात्र को किसी व्यक्ति ने चाकू मार दिया जिसका इल्जाम बबलू पर लगा और उसको जेल हो गई।
इसके बाद से बबलू का जीवन ही बिल्कुन बदल गया और उसके जेल से बाहर आने के बाद में एक के बाद एक न जाने कितनी मारपीट, झगड़ों और लूटपाट जैसी घटनाओं में उसका नाम आने लगा। उसकी गिनती उत्तर प्रदेश के किमिनल्स में होने लगी और उसपर बबलू के नाम से कई केस दर्ज हो गए।








