
उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद से बैंकिंग क्षेत्र में एक बड़े फर्जीवाड़े और ठगी का सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां के कविनगर थाना क्षेत्र स्थित फेडरल बैंक की शाखा में नकली सोना गिरवी रखकर 1.46 करोड़ रुपये का गोल्ड लोन हड़प लिया गया। इस पूरे खेल में बैंक के वैलुअर और फिनटेक कंपनी के प्रतिनिधि की मिलीभगत की बात सामने आई है।
पूरा मामला तब उजागर हुआ जब दीपांशु बंसल नाम का एक व्यक्ति शाखा में सोना गिरवी रखकर लोन लेने पहुंचा। बैंक अधिकारियों को दिए गए जेवरों की प्रामाणिकता पर शक हुआ, तो उन्होंने उसकी गहन जांच कराई। जैसे ही अधिकारियों ने सोने की दोबारा जांच शुरू की, आरोपी दीपांशु बंसल मौका देखकर बैंक से फरार हो गया। इसके बाद जब गिरवी रखे गए जेवरों की जांच की गई, तो वे पूरी तरह नकली निकले।
घटना के बाद जब बैंक प्रबंधन ने अपने पुराने खातों का ऑडिट कराया, तो पता चला कि इसी तरह करीब 20 अलग-अलग खातों में नकली सोने को असली बताकर 1.46 करोड़ रुपये का लोन पास कराया गया था। जांच में सामने आया कि वैलुएशन एजेंसी ‘फोबोस गोल्ड’ के वैलुअर दीपक और ‘रूपीक फिनटेक’ के प्रतिनिधि की साठगांठ से यह फर्जीवाड़ा अंजाम दिया जा रहा था। बैंक मैनेजर की तहरीर पर कविनगर पुलिस ने वैलुअर समेत 18 नामजद आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।









