
यूपी विधानसभा में सोमवार को वित्तमंत्री सुरेश खन्ना ने योगी सरकार 2.0 का तीसरा बजट पेश किया। अखिलेश यादव ने बजट पेश होने के बाद पत्रकारों से बात करते हुए बजट की कमियों को गिनाया। उन्होंने कहा कि इसमें न युवाओं को रोजगार नही मिल रहा है। ये कैसा सबका साथ सबका विकास है। क्या गैर बराबरी सिर्फ नारा देने से खत्म होगा ?
नेता प्रतिपक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि प्रदेश में किसानों की हालत खराब है। पंजाब, हरियाणा जैसे दूसरे राज्य किसानों को ज्यादा गन्ना मूल्य दे रहे है। लोग मजबूरी में रोजगार के लिए इजराइल जा रहे हैं। यह बजट सिर्फ 10 फीसदी लोगों के लिए आया है। 40 लाख करोड़ का निवेश आता तो वो दिखता भी, लेकिन यहां ईज ऑफ डूइंग करप्शन चल रहा है।
अखिलेश यादव ने PDA पर बात करते हुए कहा कि PDA वर्ग के साथ सबसे ज्यादा क्राइम हो रहा है। PDA के लोगों की FIR नहीं लिखी जाती है।
बजट में वित्त मंत्री इधर-उधर की बात कर रहे थे। कोई कुछ समझे न इसलिए उन्होंने दोहे पढ़ दिए। स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर उन्होंने कहा कि प्रदेश में एक भी अस्पताल नहीं जहां मुफ्त इलाज हो सके। लोहिया अस्पताल को डायरेक्टर नहीं मिल पा रहा है। ‘यूपी से सबसे ज्यादा सांसद, यहां निवेश क्यों नहीं आ रहा’ कहां स्मार्ट सिटी है, सड़कों पर भी भीषण जाम की समस्या है।









