
बेसन की रोटी भारतीय रसोई का एक पारंपरिक और पौष्टिक व्यंजन है, जो खासतौर पर स्वास्थ्य के प्रति जागरूक लोगों के बीच तेजी से लोकप्रिय हो रहा है। चने के आटे से बनी यह रोटी न सिर्फ स्वादिष्ट होती है, बल्कि कई तरह से शरीर को लाभ भी पहुंचाती है।
सबसे बड़ा फायदा यह है कि बेसन की रोटी प्रोटीन से भरपूर होती है। चना प्रोटीन का अच्छा स्रोत है, जिससे मांसपेशियां मजबूत होती हैं और शरीर को लंबे समय तक ऊर्जा मिलती है। जो लोग शाकाहारी हैं, उनके लिए यह प्रोटीन की कमी पूरी करने का अच्छा विकल्प है।
बेसन की रोटी पाचन तंत्र के लिए भी फायदेमंद मानी जाती है। इसमें मौजूद फाइबर पाचन को दुरुस्त रखता है और कब्ज जैसी समस्याओं से राहत दिलाता है। नियमित रूप से इसे खाने से पेट लंबे समय तक भरा हुआ महसूस होता है, जिससे बार-बार खाने की आदत कम होती है।
यह रोटी वजन घटाने में सहायक होती है। बेसन का ग्लाइसेमिक इंडेक्स कम होता है, जिससे ब्लड शुगर लेवल तेजी से नहीं बढ़ता। यही कारण है कि डायबिटीज के मरीजों के लिए भी बेसन की रोटी एक सुरक्षित और बेहतर विकल्प मानी जाती है।
बेसन में मौजूद आयरन, मैग्नीशियम और फोलेट जैसे पोषक तत्व खून की कमी को दूर करने में मदद करते हैं और शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाते हैं। इसके अलावा, यह हड्डियों को मजबूत रखने में भी सहायक है।
त्वचा और बालों के लिए भी बेसन की रोटी लाभकारी होती है। इसमें मौजूद पोषक तत्व त्वचा को स्वस्थ रखते हैं और बालों की मजबूती में मदद करते हैं।
कुल मिलाकर, बेसन की रोटी एक सस्ती, देसी और पौष्टिक डाइट है, जिसे रोजमर्रा के भोजन में शामिल कर सेहत को बेहतर बनाया जा सकता है। नियमित और संतुलित मात्रा में इसका सेवन शरीर को कई तरह से फायदा पहुंचाता है।









