
कांग्रेस पर निशाना साधते हुए पीएम मोदी ने कहा, आज़ादी के बाद 75 वर्षों तक हमारी न्याय व्यवस्था अंग्रेज़ों के बनाए नियमों से तय होती रही। लेकिन अब हमारी आने वाली पीढ़ियां गर्व से कहेंगी कि हम उस समाज में रहते हैं, जो ‘दंड-संहिता’ नहीं बल्कि न्याय सहिंता को मानता है।
आए दिन रक्तरंजित हो जाती थी मां भारती की धरा
पीएम मोदी ने कहा, मां भारती की धरा आए दिन रक्तरंजित हो जाती थी। देश के अनेक वीर आतंकवाद के कारण बलि चढ़ जाते थे। पहले आतंकवाद नासुर बन कर देश के सीने पर गोलियां चलाते रहता था।
बदलाव में सभी सदस्यों का योगदान
उन्होंने कहा, लेकिन इसी सदन ने अनुच्छेद 370 हटाया। जिससे संविधान के पूर्ण रूप का, पूर्ण प्रकाश के साथ प्रकटीकरण हुआ। बदलाव की तरफ देश तेज गति से आगे बढ़ा है। इसमें सदन के सभी साथियों ने अपनी हिस्सेदारी निभाई है।
संविधान में एक दरार दिखाई देती थी..रुकावट चुभती थी
पीएम मोदी, कहा कि, अनेक पीढ़ियों ने एक संविधान के लिए सपना देखा था…लेकिन हर पल वो संविधान में एक दरार दिखाई देती थी, एक खाई नजर आती थी, एक रुकावट चुभती थी।
पिछले 5 सालों में कई रिफॉर्म्स हुए
21वीं सदी के भारत की मजबूत नींव उन सारी बातों में नजर आती है। इस कार्यकाल में बहुत सारे रिफॉर्म्स हुए हैं।
….18वीं लोकसभा में प्रवेश करेंगे
पीएम मोदी ने कहा, मुझे विश्वास है कि जैसे ही हम 17वीं लोकसभा का समापन करेंगे, हम 100% से अधिक उत्पादकता हासिल करने के संकल्प के साथ 18वीं लोकसभा में प्रवेश करेंगे।
संसद की लाइब्रेरी जनसामान्य के लिए खोला गया
संसद की लाइब्रेरी के दरवाजे आपने (सभापति जी) सामान्य व्यक्ति के लिए खोल दिए। ज्ञान का ये खजाना, परंपराओं की ये विरासत आपने जनसामान्य के लिए खोल कर बहुत बड़ी सेवा की है।









