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डायबिटीज-हार्ट मरीज ध्यान दें! नवरात्रि व्रत में ये गलतियां पड़ न जाए सेहत पर भारी!

Navratri 2025: नवरात्रि का त्योहार देशभर में धूमधाम से मनाया जा रहा है, और इस दौरान कई लोग व्रत रखते हैं। व्रत के दौरान खानपान में बदलाव आता..

Navratri 2025 : नवरात्रि का त्योहार देशभर में धूमधाम से मनाया जा रहा है, और इस दौरान कई लोग व्रत रखते हैं, लेकिन व्रत के दौरान खानपान में की गई कुछ छोटी-छोटी गलतियाँ आपकी सेहत पर बड़ा असर डाल सकती हैं, खासकर जब बात डायबिटीज और हार्ट के मरीजों की हो। व्रत के दौरान सही आहार और जीवनशैली का पालन करना बेहद जरूरी है, ताकि आपकी सेहत पर कोई बुरा प्रभाव न पड़े। यदि आप डायबिटीज या हार्ट पेशेंट हैं, तो नवरात्रि के दौरान इन खास सावधानियों का पालन करके आप अपनी सेहत को सुरक्षित रख सकते हैं। आइए जानते हैं, व्रत के दौरान क्या गलतियाँ आपको भारी पड़ सकती हैं और कैसे आप अपनी सेहत का ध्यान रख सकते हैं।

डायबिटीज मरीजों के लिए व्रत के दौरान टिप्स

  1. लंबे समय तक भूखा न रहें:डायबिटीज के मरीजों के लिए लंबे समय तक भूखा रहना खतरनाक हो सकता है क्योंकि इससे ब्लड शुगर लेवल बहुत ज्यादा बढ़ या घट सकता है। इसलिए आपको हर 2-3 घंटे में कुछ न कुछ खाना चाहिए, ताकि शुगर लेवल संतुलित रहे।
  2. फाइबर और प्रोटीन से भरपूर आहार लें:फलाहार में ऐसे खाद्य पदार्थ शामिल करें जो फाइबर और प्रोटीन से भरपूर हों, जैसे- साबूदाना, समा के चावल, कुट्टू और सिंघाड़े के आटे से बनी चीजें। इससे आपको पर्याप्त ऊर्जा मिलेगी और ब्लड शुगर नियंत्रित रहेगा।
  3. शुगर-फ्री ड्रिंक्स का सेवन करें:मीठे जूस और शरबत से परहेज करें, क्योंकि इनमें ज्यादा शुगर हो सकती है। इसके बजाय नारियल पानी, छाछ या नींबू पानी जैसे शुगर-फ्री और प्राकृतिक ड्रिंक्स का सेवन करें।
  4. तली-भुनी और ज्यादा मीठी चीजों से बचें:तली हुई चीजें, खासकर पूड़ी, पकौड़े, और आलू के चिप्स डायबिटीज वाले मरीजों के लिए खतरनाक हो सकते हैं। इसके साथ ही, ज्यादा मीठे फल जैसे केला और चीकू से भी बचें, क्योंकि ये ब्लड शुगर को बढ़ा सकते हैं।

हार्ट मरीजों के लिए व्रत के दौरान सावधानियां

  1. बीपी और कोलेस्ट्रॉल का ध्यान रखें:दिल के मरीजों के लिए व्रत रखते समय बीपी और कोलेस्ट्रॉल का संतुलन बनाए रखना बहुत जरूरी है। फलाहार में ताजे फल और हरी सब्जियां शामिल करें, जिससे कोलेस्ट्रॉल कंट्रोल रहे और बीपी भी सामान्य बना रहे।
  2. कम नमक वाला फलाहार करें:सेंधा नमक का उपयोग करें, लेकिन इसकी मात्रा सीमित रखें। ज्यादा नमक से बीपी बढ़ सकता है, इसलिए इसका सेवन बहुत कम करें।
  3. हाइड्रेटेड रहें:शरीर में पानी की कमी न होने दें, क्योंकि इससे ब्लड प्रेशर लो हो सकता है। नारियल पानी और सादा पानी ज्यादा पिएं। व्रत के दौरान पानी की कमी से बचने के लिए नियमित अंतराल पर पानी पीते रहें।
  4. तली-भुनी चीजों से बचें:तली हुई चीजें, जैसे पूड़ी, पकौड़े, और आलू के चिप्स से कोलेस्ट्रॉल और बीपी बढ़ सकता है, जो दिल के मरीजों के लिए बेहद खतरनाक हो सकता है। बेहतर होगा कि आप ऐसे खाद्य पदार्थों से पूरी तरह से बचें।
  5. ड्राई फ्रूट्स का सेवन सीमित करें:ड्राई फ्रूट्स जैसे बादाम, अखरोट, और किशमिश स्वास्थ्य के लिए अच्छे होते हैं, लेकिन इन्हें सीमित मात्रा में ही खाएं। ज्यादा ड्राई फ्रूट्स से फैट का स्तर बढ़ सकता है, जो दिल के मरीजों के लिए सही नहीं है।

व्रत के दौरान इन लक्षणों को न करें नजरअंदाज

  • चक्कर आना या बेहोशी महसूस होना
  • अचानक कमजोरी या ब्लड शुगर का गिरना
  • बहुत ज्यादा पसीना आना या घबराहट महसूस होना
  • सीने में दर्द या तेज धड़कन महसूस होना

बिना डॉक्टर की सलाह व्रत न रखें

अगर आप डायबिटीज या हार्ट पेशेंट हैं और नवरात्रि का व्रत रखना चाहते हैं, तो सबसे पहले अपने डॉक्टर से सलाह लें। डॉक्टर की सलाह से आप हल्के फलाहार के साथ उपवास रख सकते हैं, ताकि आपकी सेहत पर कोई प्रतिकूल असर न पड़े। इससे आप न केवल स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से बच सकते हैं, बल्कि पूरे नवरात्रि का त्योहार भी खुशी से मना सकते हैं।

अस्वीकरण: इस लेख में दी गई जानकारी मीडिया रिपोर्ट्स पर आधारित है। किसी भी सुझाव को अपनाने से पहले कृपया अपने विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें।

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