
वाराणसी: खेलमंत्रालय के द्वारा WFI के नवागत अध्यक्ष संजय सिंह को निलंबित किए जाने के बाद भी दिल्ली से लेकर उत्तर प्रदेश में उनके समर्थकों का हौसला कम नही हो रहा है। कुछ ऐसा ही नजारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में निलंबन के बाद पहली बार पहुंचे संजय सिंह के स्वागत के दौरान देखने को मिला।

वाराणसी एयरपोर्ट पर संजय सिंह के पहुंचते ही हजारों समर्थकों ने डोल – नगाड़े के साथ संजय सिंह को फूलो की माला पहनाकर भव्य स्वागत किया। वही संजय सिंह वाराणसी एयरपोर्ट से सैकड़ो गाड़ियों के काफिले के साथ एयरपोर्ट से शहर के लिए रवाना हुए।

वही निलंबित अध्यक्ष का स्वागत में पूरे शहर में होर्डिंग -पोस्टर लगाए गए। निलंबित अध्यक्ष संजय सिंह ने इस दौरान समर्थकों का हौसला देख कहा कि हमारा हौसला कम नही हुआ है, हम कानूनी सलाह लेकर, सरकार से वार्ता करेंगे।

संजय सिंह ने दावा किया कि जिन बिंदुओं को आधार बनाकर निलंबन किया गया है, उन सभी मानकों को हमने पूरा किया है। हम लोकतांत्रिक तरीके से चुनाव जीतकर आए है और विपक्ष ने भी चुनाव के मतदान में हिस्सा लिया है। मैं लोकतांत्रिक तरीके से जीतकर आया हूं और मैं निलंबन को खारिज करता हूं।

भारतीय कुश्ती संघ के निलंबित अध्यक्ष संजय सिंह ने अपने निलंबन के पीछे पहलवानों का विरोध किए जाने की वजह से होने को लेकर कहा कि महिला और पुरुष पहलवानों का विरोध उनका अपना निजी विषय है। निलंबन को लेकर सरकार के सामने अपनी बात रखी जाएगी।

उन्होंने कहा कि देश के पहलवानों ने कुश्ती के खेल में शानदार प्रदर्शन किया है। आने वाले समय में इस खेल से भारत को और भी ज्यादा मेडल मिलेंगे। वही हरियाणा पहलवानों के विरोध को लेकर संजय सिंह में कहा कि हरियाणा के परिवार के द्वारा एक साल में इस खेल को बर्बाद करके रख दिया है।
रिपोर्ट : नीरज कुमार जायसवाल