भारत के डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन में साझेदारी को तैयार ताइवान, हाई-टेक सेक्टर में बढ़ेगा सहयोग

New Delhi: भारत में डिजिटल क्रांति को लेकर ताइवान ने बड़ा भरोसा जताया है। ताइपे इकोनॉमिक एंड कल्चरल सेंटर की एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर एस्टेला चेन ने कहा कि ताइवान भारत के डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन में एक मजबूत और भरोसेमंद साझेदार बनने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।

Convergence India Expo 2026 के दौरान अपने संबोधन में एस्टेला चेन ने कहा कि ताइवान की विशेषज्ञता स्मार्टफोन मैन्युफैक्चरिंग से लेकर एडवांस हाई-टेक प्रोडक्ट डिजाइन तक फैली हुई है और यह भारत की ‘डिजिटल इंडिया’ और ‘India AI मिशन’ जैसी पहलों को मजबूती देने में अहम भूमिका निभा सकती है।

उन्होंने कहा, “ताइवान भारत की प्रमुख पहलों में एक विश्वसनीय साझेदार है। स्मार्टफोन, IoT मैन्युफैक्चरिंग से लेकर हाई-टेक डिजाइन तक, हम भारत के डिजिटल परिवर्तन को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। ताइवान के साथ साझेदारी सिर्फ सप्लाई तक सीमित नहीं है, बल्कि यह एक रणनीतिक और भरोसेमंद सहयोग है।”

भारत-ताइवान व्यापार में रिकॉर्ड बढ़ोतरी

एस्टेला चेन ने बताया कि पिछले साल भारत और ताइवान के बीच द्विपक्षीय व्यापार 12.5 अरब डॉलर के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया। इस बढ़ते आर्थिक संबंध के चलते दोनों देशों के बीच निवेश और व्यापारिक सहयोग तेजी से बढ़ रहा है।

ताइवान की कंपनियां भारत के इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग, सेमीकंडक्टर और ऑटोमोबाइल सेक्टर में निवेश कर रही हैं। वहीं भारतीय कंपनियां ताइवान के आईटी और इंजीनियरिंग सेक्टर में नए अवसर तलाश रही हैं।

उन्होंने कहा कि भारत में डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर, स्मार्ट मैन्युफैक्चरिंग और सप्लाई चेन को मजबूत बनाने के लिए हार्डवेयर की मांग तेजी से बढ़ रही है, जिसमें ताइवान अहम योगदान दे सकता है।

AI और सेमीकंडक्टर में ताइवान की मजबूत पकड़

चेन ने कहा कि ताइवान वैश्विक स्तर पर सेमीकंडक्टर और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस सेक्टर में अग्रणी भूमिका निभाता है। ताइवान का इनोवेशन और टेक्नोलॉजी में अनुभव भारत के लिए बेहद उपयोगी साबित हो सकता है।

17 टेक कंपनियों ने दिखाई नई तकनीक

इस एक्सपो में ‘Taiwan Excellence’ के तहत 17 प्रमुख ताइवानी टेक कंपनियों ने हिस्सा लिया। इनमें AAEON, Aetina, ADLINK, APLEX, ASUSTOR, Innodisk, Phison, Transcend, Zyxel जैसी कंपनियां शामिल रहीं।

इन कंपनियों ने Edge AI, Industrial Computing, AI Infrastructure, High-Speed Storage, Future Connectivity और Smart Mobility जैसे क्षेत्रों में अपनी नई तकनीकों का प्रदर्शन किया।

ताइवान ने इस मंच के जरिए साफ संकेत दिया है कि वह भारत के साथ मिलकर टेक्नोलॉजी, इनोवेशन और डिजिटल विकास के नए आयाम स्थापित करना चाहता है।

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