
नई दिल्ली: आगामी 2024 के केंद्रीय बजट में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से कई महत्वपूर्ण ऐलान की उम्मीद है, खासकर टैक्सपेयर्स के लिए। पिछले कुछ वर्षों में सरकार ने इनकम टैक्स के नए रेजीम को आकर्षक बनाने के लिए कई कदम उठाए हैं, और इस बार भी बजट में टैक्सपेयर्स के लिए राहत देने वाली घोषणाएं हो सकती हैं।
टैक्स स्लैब में बदलाव
हालांकि पिछले बजट में नई टैक्स रेजीम के स्लैब में बदलाव किया गया था, पुरानी रेजीम में कोई बदलाव नहीं हुआ था। इस बार सरकार पुरानी रेजीम के स्लैब में बदलाव कर सकती है, जिससे टैक्सपेयर्स को राहत मिल सके।
टीडीएस रेट्स में कमी
अभी टीडीएस के विभिन्न रेट्स लागू हैं, जो टैक्सपेयर्स के लिए भ्रमित करने वाले हैं। एक्सपर्ट्स का मानना है कि सरकार टीडीएस रेट्स को घटाकर सिर्फ 2-3 कर सकती है, जिससे टैक्सपेयर्स को राहत मिलेगी।
होम लोन पर ज्यादा डिडक्शन
रियल एस्टेट सेक्टर ने लंबे समय से होम लोन पर टैक्स बेनेफिट्स बढ़ाने की मांग की है। वित्त मंत्री इसे बढ़ाकर 4 लाख रुपये तक कर सकती हैं, जिससे पुराने टैक्स रेजीम में होम लोन के इंटरेस्ट पर ज्यादा डिडक्शन मिल सके।
पत्नी-पति के लिए ज्वाइंट टैक्सेशन
आईसीएआई ने सरकार को सलाह दी है कि पति-पत्नी के लिए ज्वाइंट टैक्सेशन की शुरुआत की जाए, जिससे परिवार पर टैक्स की लायबिलिटी कम हो सके।
एलटीसीजी की टैक्स-फ्री लिमिट बढ़ाना
सरकार म्यूचुअल फंड्स और लिस्टेड कंपनियों के शेयरों पर लॉन्ग टर्म कैपिटल गेंस (LTCG) की टैक्स-फ्री लिमिट बढ़ा सकती है, जिससे निवेशकों को राहत मिलेगी।
नई रेजीम में इंश्योरेंस पर डिडक्शन
नई टैक्स रेजीम में टर्म इंश्योरेंस और हेल्थ इंश्योरेंस के प्रीमियम पर डिडक्शन का ऐलान हो सकता है, जो अभी केवल पुरानी रेजीम में उपलब्ध है।
ईवी लोन पर कम ब्याज दर
सरकार इलेक्ट्रिक वाहनों (EV) के लिए कम ब्याज दर पर लोन देने की योजना बना सकती है, जिससे ईवी के उपयोग को बढ़ावा मिलेगा और प्रदूषण में कमी आएगी।
इन टैक्स सुधारों से आम लोगों के साथ-साथ व्यवसायियों को भी राहत मिल सकती है। बजट के इस वर्ष के प्रस्तावों का देश की अर्थव्यवस्था और टैक्सपेयर्स पर बड़ा असर पड़ने की संभावना है।









