
प्रदेश सरकार नगरीय निकायों में सीमा विस्तार वाले नए इलाकों में सड़क, नाली, नाला, स्ट्रीट लाइट, पार्क जैसी मूलभूत सुविधाएं देने के लिए करीब 900 करोड़ रुपये खर्च करेगी। नगर विकास विभाग वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट में इन पैसों की मांग करने की तैयारियों में जुट गया है। नगर पंचायतों में करीब 340 करोड़ और सीमा विस्तार होने वाले क्षेत्रों में लगभग 562 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है।
प्रदेश की अर्थव्यवस्था को वन ट्रिलियन डालर करने के लिए शहरी आबादी को 22 प्रतिशत से बढ़ाकर 40 से 50 प्रतिशत करने का सुझाव दिया गया है। इसी आधार पर शहरी आबादी को बढ़ाने का काम चल रहा है। प्रदेश में मौजूदा समय 762 नगरीय निकाय हैं।
प्रदेश में नई नगर पंचायतें बनाने के साथ ही नगर निगमों और पालिका परिषदों का सीमा विस्तार किया गया है। इसलिए विस्तार वाले ग्रामीण क्षेत्रों में शहरी मानक के आधार पर विकास के काम कराए जाने हैं।
नगर विकास विभाग के उच्चाधिकारियों की पिछले दिनों एक बैठक हुई थी। इसमें शहरी क्षेत्र में आए नए गांवों में विकास के लिए और बजट की जरूरत बताई गई थी। पिछले वित्तीय वर्ष में नए क्षेत्रों में काम कराने के लिए 800 करोड़ रुपये दिए गए थे, लेकिन जरूरत के आधार पर अभी भी सभी क्षेत्रों में काम नहीं हो पाए हैं। नए वित्तीय वर्ष के लिए बजट में इसके अलावा भी अन्य कामों के लिए कई जरूरी प्रविधान किए जा रहे हैं।









