
Pilibhit: उत्तर-प्रदेश के पीलीभीत जिले की पुरनपुर तहसील में तैनात एसडीएम अजीत प्रताप सिंह पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगे हैं। दर्जनों वकीलों ने तहसील परिसर में एसडीएम के खिलाफ हल्लाबोल करते हुए जिला अधिकारी को ज्ञापन सौंपा हैं, जिसमें विभिन्न आरोपों की विस्तृत जानकारी दी गई है। वकीलों का कहना है कि एसडीएम अजीत प्रताप ने मनमाने तरीके से धारा 80 की फाइलों में वसूली की और कई मामलों में अवैध निस्तारण किया।
बता दें, इसके अलावा, एसडीएम के संरक्षण में अवैध मिट्टी खनन का बड़ा खेल चलने का भी आरोप है। वकीलों ने यह भी आरोप लगाते हुए कहा, कि एक जर्जर भवन की नीलामी के बावजूद उसका ध्वस्तीकरण नहीं किया गया और ठेकेदार द्वारा शर्तों का उल्लंघन किए जाने पर उसकी जमानत राशि जब्त नहीं की गई।
वहीं, इस ज्ञापन में एसडीएम पर दो सालों से तहसील में तैनात रहने के बावजूद कार्रवाई की मांग की गई है। वकील समुदाय का कहना है कि इस भ्रष्टाचार के कारण क्षेत्रीय विकास कार्यों में रुकावटें आ रही हैं और सरकारी धन का दुरुपयोग हो रहा है।
वकीलों ने जिला प्रशासन से तुरंत एसडीएम अजीत प्रताप सिंह के खिलाफ कार्रवाई करने की अपील की है और उन्हें दोषी ठहराने के लिए एक निष्पक्ष जांच की मांग की है। मामले पर प्रशासन द्वार जल्द ही कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है।









