
रिपोर्ट : नीरज कुमार जायसवाल, वाराणसी
वाराणसी। पतित पावनी मां गंगा की काशी में होने वाली विश्व प्रसिद्ध आरती का स्थल एक बार फिर बदल दिया गया है। गंगा के बढ़े हुए जलस्तर की वजह से आरती स्थल लगातार बदला जा रहा है। इसी क्रम में गुरुवार से अब मां गंगा की आरती छत पर करवाया जा रहा है। आरती स्थल बदलकर गंगा घाट के बाद छत पर होने के कारण श्रद्धालु आरती में शामिल भी हो पा रहे है। ऐसे में हजारों की संख्या में आरती देखने आने वाले श्रद्धालु मायूस है।

नावों पर सवार होकर आरती देख रहे श्रद्धालु , आरती में शामिल भी हो पा रहे श्रद्धालु
दशाश्वमेध घाट पर होने वाली नित्य संध्या मां गंगा के आरती स्थल बदलने से श्रद्धालुओं को काफी दिक्कत हो रही है। आरती गंगा सेवा निधि के छत पर होने से प्रतिदिन हजारों की संख्या में आरती में शामिल होने वाले श्रद्धालु अब आरती में शामिल नही हो पा रहे है।

मां गंगा की आरती अब श्रद्धालु गंगा किनारे लगे नावों पर दूर से ही देख रहे है। वही गंगा आरती में शामिल होने के लिए घाट पर पहुंचने वाले श्रद्धालुओं से आयोजक लगातार अपील कर रहे है कि वह आरती में शामिल होने के लिए ने पहुंचे। आरती स्थल छोटा होने की वजह से आरती में कुछ श्रद्धालु की शामिल हो पा रहे है।

दो माह का सावन होने से बड़ी संख्या में पहुंच रहे श्रद्धालु…
सावन का महीना इस वर्ष दो माह का होने के वजह से बड़ी संख्या में श्रद्धालु काशी पहुंच रहे है। बाबा श्री काशी विश्वनाथ का दर्शन के साथ ही श्रद्धालु मां गंगा की आरती में शामिल होने पहुंच रहे है।

गंगा सेवा निधि के अध्यक्ष सुशांत मिश्रा ने बताया कि श्रद्धालुओं व दर्शनार्थी की संख्या बढ़ने के कारण सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कार्यालय की छत पर की गई हैं। ऐसे में स्थान कम होने के कारण श्रद्धालु गंगा आरती में शामिल नही हो पा रहे है।









