
लखनऊ। उत्तर प्रदेश की सियासत में बढ़ती हलचल के बीच राष्ट्रीय लोकदल (रालोद) के राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री जयंत चौधरी का करीब नौ महीने बाद लखनऊ दौरा कई मायनों में अहम माना जा रहा है। वह रविवार को इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित होने वाले सम्मान समारोह में शामिल होंगे। इस कार्यक्रम का आयोजन पूर्व एमएलसी प्रत्याशी बीके शुक्ला करेंगे, जिसमें प्रदेश अध्यक्ष ऐश्वर्य राज सिंह, बिजनौर के सांसद चंदन चौहान, मंत्री अनिल कुमार और संगठन महामंत्री त्रिलोक त्यागी समेत कई वरिष्ठ पदाधिकारी मौजूद रहेंगे।
ब्राह्मण समाज को जोड़ने की रणनीति
रालोद नेताओं का मानना है कि इस कार्यक्रम के जरिए बड़ी संख्या में ब्राह्मण समाज के लोग पार्टी से जुड़ सकते हैं। उनका कहना है कि प्रदेश में चौधरी चरण सिंह के सामाजिक न्याय, किसान हित और सर्वसमावेशी राजनीति की विचारधारा को लेकर सकारात्मक माहौल बना है और सवर्ण समाज अब पार्टी की ओर आकर्षित हो रहा है।
2027 चुनाव की तैयारी पर जोर
बता दें कि जयंत चौधरी इससे पहले 25 नवंबर को लखनऊ आए थे। इस बार वह पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ संगठनात्मक विचार-विमर्श भी करेंगे। 2027 के विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए बैठक में संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करने, कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा भरने और प्रदेश के हर क्षेत्र में पार्टी की सक्रियता बढ़ाने की रणनीति पर विस्तृत चर्चा होगी।









