
नई दिल्ली: इतिहास के पन्नों में हर तारीख अपने अंदर कई अहम बदलाव और सुनहरी यादें समेटे होती है। आज 10 अक्टूबर है, और यह दिन भारतीय संस्कृति, भाषा और वैश्विक खेल जगत के लिए बेहद खास स्थान रखता है। आज ही के दिन देश में हिंदी भाषा को बढ़ावा देने के लिए वाराणसी में एक ऐतिहासिक कदम उठाया गया था, तो वहीं खेल की दुनिया में एशिया ने एक नया इतिहास रचा था।
आइए विस्तार से जानते हैं कि 10 अक्टूबर का दिन देश और दुनिया के इतिहास में क्यों स्वर्ण अक्षरों में दर्ज है।
वाराणसी में गूंजी थी राजभाषा की आवाज: पहला अखिल भारतीय हिंदी सम्मेलन
साल 1910 में आज ही के दिन (10 अक्टूबर) उत्तर प्रदेश के सांस्कृतिक केंद्र वाराणसी में प्रथम अखिल भारतीय हिंदी सम्मेलन का आयोजन किया गया था। इस ऐतिहासिक सम्मेलन की अध्यक्षता महान स्वतंत्रता सेनानी और शिक्षाविद पंडित मदन मोहन मालवीय ने की थी।
इस सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य हिंदी भाषा के प्रचार-प्रसार को गति देना और इसे देश की पहचान बनाना था। आज जब हम हिंदी को वैश्विक पटल पर आगे बढ़ते देखते हैं, तो उसकी नींव में 10 अक्टूबर 1910 का यही दिन शामिल है।
टोक्यो ओलंपिक 1964: एशिया के लिए ऐतिहासिक दिन
खेल जगत के लिहाज से 10 अक्टूबर 1964 का दिन बेहद गौरवशाली है। इसी दिन जापान की राजधानी टोक्यो में 18वें ओलंपिक खेलों का भव्य शुभारंभ हुआ था। यह इतिहास में पहली बार था जब किसी एशियाई देश को ओलंपिक खेलों की मेजबानी सौंपने का गौरव प्राप्त हुआ था। इस आयोजन ने वैश्विक स्तर पर एशिया की खेल क्षमताओं और तकनीकी प्रगति का लोहा मनवाया था।
विद्यासागर सेतु: इंजीनियरिंग का अनोखा कमाल
10 अक्टूबर 1992 को भारत को बुनियादी ढांचे के क्षेत्र में एक बड़ी उपलब्धि मिली थी। पश्चिम बंगाल में हुगली नदी पर बने विद्यासागर सेतु (दूसरा हुगली पुल) को आज ही के दिन आम जनता के यातायात के लिए खोला गया था। केबल के सहारे टिका यह पुल भारतीय इंजीनियरिंग और मानवीय कौशल का एक अद्भुत और बेजोड़ उदाहरण माना जाता है, जो कोलकाता और हावड़ा को आपस में जोड़ता है।
10 अक्टूबर की अन्य महत्वपूर्ण ऐतिहासिक घटनाएं (एक नजर में)
- 1756: ब्रिटिश गवर्नर जनरल रॉबर्ट क्लाइव ने कलकत्ता (अब कोलकाता) पर दोबारा नियंत्रण हासिल करने के लिए मद्रास से अपनी सेना के साथ कूच किया था।
- 1846: ब्रिटिश खगोलशास्त्री विलियम लासेल ने सौरमंडल के नेपच्यून (वरुण) ग्रह के सबसे बड़े प्राकृतिक उपग्रह ‘ट्राइटन’ की खोज की थी।
- 1978: शतरंज की बिसात पर भारत की रोहिणी खादिलकर ने इतिहास रचा। वह राष्ट्रीय चेस चैंपियनशिप जीतने वाली पहली भारतीय महिला बनीं।
- 1992: मानसिक स्वास्थ्य के प्रति संवेदनशीलता बढ़ाने के उद्देश्य से दुनिया भर में पहली बार ‘विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस’ (World Mental Health Day) मनाया गया था।
- 2014: भारत के प्रसिद्ध बाल अधिकार कार्यकर्ता कैलाश सत्यार्थी को शांति के नोबेल पुरस्कार से सम्मानित करने की घोषणा की गई थी।
आज ही के दिन जन्मे और दुनिया छोड़ गए प्रसिद्ध व्यक्तित्व
प्रमुख जन्म (Births):
- 1899: भारत के शुरुआती कम्युनिस्ट नेताओं और स्वतंत्रता सेनानियों में से एक श्रीपाद अमृत डांगे का जन्म हुआ।
- 1906: ‘मालगुडी डेज़’ जैसी कालजयी रचना देने वाले भारत के मशहूर अंग्रेजी उपन्यासकार आर. के. नारायण का जन्म हुआ था।
- 1954: बॉलीवुड की एवरग्रीन और दिग्गज अभिनेत्री रेखा का आज जन्मदिन है।
प्रमुख निधन (Deaths):
- 2004: पर्दे पर ‘सुपरमैन’ का आइकॉनिक किरदार निभाने वाले मशहूर अमेरिकी अभिनेता क्रिस्टोफर रीव का निधन हुआ था।
- 2011: भारत के विख्यात गजल गायक ‘मखमली आवाज के जादूगर’ जगजीत सिंह ने दुनिया को अलविदा कहा था।









