
डिजिटल डेस्क- पूरा पाकिस्तान इस वक्त गरीबी और भूखमरी से जुझ रहा है. पाकिस्तान की तंगी वाली हालत के बीच चीन,पाकिस्तान के गधों को लेकर काफी ज्यादा इंटरेस्टेड है. चीन में आजकल गधों की डिमांड ने हर किसी को हैरानी में डाल दिया है. दरअसल,चीन में गधे की खाल की मांग बहुत ज्यादा है. जिससे की गधों की डिमांड भी अधिक हो गई है.
गधों की आबादी के मामले में पाकिस्तान 3 नंबर पर है. मतलब गधों के प्रोडक्शन के मामले में दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा देश है.पाकिस्तान के अलावा चीन अफ्रीका से भी गधों को मंगवाता था.
क्यों हैं गधों की डिमांड
कहा जाता है कि गधे की खाल को चीन में कई तरीके से दवाईओं में इस्तेमाल किया जाता है. एक रिपोर्ट्स के मुताबिक चीनी लोग अनिद्रा,एनीमिया और प्रजनन संबंधी बीमारियों के इलाज में इसका इस्तेमाल करते है. हालांकि इस तरीके की दवाओं में क्लीनिकल प्रमाण की कमी है.
इसके अलावा एक दूसरी रिपोर्ट्स में कहा गया है कि चीनी लोग गधे की खाल का इस्तेमाल ब्यूटी प्रोडक्ट्स को भी बनाने में करते है.
जानकारी के मुताबिक पाकिस्तान ने चीन को लाखों गधों की खाल निर्यात की. 2014 से 2016 के बीच पाकिस्तान ने 2 लाख से ज्यादा गधे की खाल चीन को भेजी थी. वहीं एक और मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक चीन को हर साल 40 लाख गधों की जरुरत होती है. अब चीन में बढ़ती गधों की डिमांड से अंदाजा लगाया जा सकता है कि पाकिस्तान के गधों का प्रोडक्शन इतना ज्यादा जरुरी क्यों है.









