
उत्तराखंड अपनी खूबसूरती के लिए देश-विदेश में जाना जाता है। हर साल लाखों पर्यटक यहां अलग-अलग हिल स्टेशन पर घूमने के लिए आते हैं। उत्तराखंड में कुछ पहाड़ी क्षेत्रों में लोग शादी के लिए भी आते हैं। लेकिन अभी भी उत्तराखंड वेडिंग डेस्टिनेशन के तौर पर उभर नहीं पाया है। उत्तराखंड ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के उद्योगपति और युवाओं से आवाहन किया था की शादी के लिए उत्तराखंड का चुनाव करें। क्योंकि पहाड़ों में शांत वातावरण के बीच शादी के लिए अगर आप उत्तराखंड को चुनते हैं तो यहां के पर्यटन को भी गति मिलेगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आह्वान को लेकर उत्तराखंड सरकार गंभीर है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा है कि हमने अधिकारियों को इस ओर काम करने के लिए कहा है। कुमाऊं मंडल विकास निगम और गढ़वाल मंडल विकास निगम दोनों ही वेडिंग डेस्टिनेशन के चुनाव कार्य पर जुट गया है।
जीएमवीएन यानी गढ़वाल मंडल विकास निगम ने गढ़वाल क्षेत्र में फिलहाल 7 डेस्टिनेशन का चुनाव किया है। जिनको वेडिंग डेस्टिनेशन के लिए तैयार किया जा रहा है।
वेडिंग डेस्टिनेशन के लिए इन जगहों का चुनाव किया गया है
जानकारी के मुताबिक गढ़वाल मंडल विकास निगम केएमडी विनोद गिरि गोस्वामी ने बताया है की गढ़वाल क्षेत्र में चमोली जनपद का कालेश्वर, रुद्रप्रयाग जनपद के अंतर्गत तिलवाड़ा, टिहरी जनपद के अंतर्गत कौड़ियाला, रुद्रप्रयाग जनपद के अंतर्गत त्रियुगी नारायण, देहरादून जनपद के अंतर्गत डाक पत्थर, ऋषिकेश के अंतर्गत गंगा रिजॉर्ट और पौड़ी जनपद के अंतर्गत कर्णव आश्रम का चुनाव किया गया है। जिन्हें वेडिंग डेस्टिनेशन के लिए तैयार किया जा रहा है। यह सभी क्षेत्र अपनी खूबसूरती, आध्यात्मिक माहौल और गंगा के महत्व के लिए जाने जाते हैं।
उत्तराखंड अगर वेडिंग डेस्टिनेशन के लिए उभर कर सामने आता है तो इससे राज्य के पर्यटन और आर्थिकी को सबसे ज्यादा फायदा मिलेगा क्योंकि अभी उत्तराखंड में ऋषिकेश और जिम कॉर्बेट ढिकुली रेंज रामनगर ही वेडिंग डेस्टिनेशन के लिए उभर पाया है।









