
छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में सोमवार को चार्टर प्लेन के क्रैश होने की खबर पूरे इलाके में फैल गई थी, लेकिन यह पूरी तरह अफवाह साबित हुई। स्थानीय ग्रामीणों ने रतनपहली जंगल के पहाड़ी इलाके में धुआं उठते हुए देखा था, जिसके बाद उन्हें यह गलतफहमी हुई कि कोई विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया है।
बता दें, सूचना मिलते ही जिला प्रशासन और पुलिस तुरंत सक्रिय हो गई। एसएसपी डॉ. लाल उमेद सिंह और कलेक्टर रोहित व्यास मौके पर पहुंचे और विस्तृत जांच की। प्रशासन ने पूरे इलाके का दौरा किया, लेकिन दुर्घटनास्थल पर विमान का कोई मलबा नहीं मिला। कलेक्टर ने मीडिया से बातचीत में बताया, “यह किसी विमान दुर्घटना का मामला नहीं है। यह जंगल में लगी आग का धुआं था, जिसकी वजह से अफवाहें फैल गईं।”
प्रशासन और वन विभाग की टीम अब ड्रोन कैमरे से इलाके की निगरानी कर रही है। इसके अलावा, झारखंड और ओडिशा एयर ट्रैफिक कंट्रोल से भी संपर्क किया गया और दोनों जगहों से पुष्टि हुई कि उस इलाके में कोई भी विमान उड़ान नहीं भर रहा था।
इस मामले पर सरकार ने साफ किया कि किसी भी प्रकार की कोई घटना नहीं हुई हैं। कुछ न्यूज चैनलों और वेब पोर्टल्स पर जो रिपोर्टें प्रसारित की गई थीं वे पूरी तरह निराधार थीं। पुलिस और प्रशासन ने पुष्टि की है कि इस इलाके में कोई भी विमान दुर्घटनाग्रस्त नहीं हुआ था।









