
कतर में फ्लाइट्स रद्द होने के कारण फंसे भारतीय नागरिकों की संख्या का पता लगाने के लिए दोहा स्थित भारतीय दूतावास ने एक विशेष ऑनलाइन फॉर्म जारी किया है। दूतावास ने रविवार को यह जानकारी देते हुए कहा कि यह फॉर्म केवल उन भारतीयों के लिए है जो टूरिस्ट या हया A1 वीज़ा पर कतर पहुंचे थे और फ्लाइट कैंसिल होने की वजह से देश से बाहर नहीं जा पाए।
भारतीय दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए कहा कि 28 फरवरी से 7 मार्च 2026 के बीच कतर से बाहर जाने वाली उड़ानें रद्द होने के कारण जो भारतीय नागरिक कतर में फंसे हुए हैं, वे दिए गए लिंक पर अपनी जानकारी भर सकते हैं। दूतावास के मुताबिक इस प्रक्रिया का उद्देश्य कतर में फंसे भारतीयों की सही संख्या और उनकी स्थिति की जानकारी जुटाना है।
बता दें, दूतावास ने यह भी स्पष्ट किया कि जिन लोगों ने पहले जारी किए गए लिंक के माध्यम से अपनी जानकारी जमा कर दी है, उन्हें दोबारा फॉर्म भरने की आवश्यकता नहीं है। फॉर्म भरने के लिए लिंक भी जारी किया गया है।
इसी बीच खाड़ी क्षेत्र में बढ़ते तनाव के कारण कई उड़ानों पर असर पड़ा है। गल्फ एयर ने अपने बयान में कहा है कि बहरीन के एयरस्पेस बंद होने के कारण उसकी उड़ानें अस्थायी रूप से निलंबित कर दी गई हैं। एयरलाइन के मुताबिक, बहरीन सिविल एविएशन अथॉरिटी (BCAA) की ओर से एयरस्पेस सुरक्षित रूप से फिर से खोलने की पुष्टि मिलने के बाद ही उड़ान सेवाएं बहाल की जाएंगी।
बता दें, इस बीच कतर एयरवेज की पेरिस, मैड्रिड, लंदन, फ्रैंकफर्ट, रोम और बैंकॉक से आने वाली छह निर्धारित उड़ानें सुरक्षित रूप से दोहा पहुंच गई हैं। अल जज़ीरा की रिपोर्ट के अनुसार, ईरान में चल रहे युद्ध के कारण कतर द्वारा एयरस्पेस बंद किए जाने के बाद यह आने वाली उड़ानों का पहला समूह था।
हालांकि एयरलाइन ने स्पष्ट किया है कि इन उड़ानों के पहुंचने का मतलब यह नहीं है कि नियमित वाणिज्यिक उड़ान सेवाएं पूरी तरह से बहाल हो गई हैं।
रिपोर्ट के अनुसार, कतर एयरवेज ने दोहा से एम्स्टर्डम, बर्लिन, फ्रैंकफर्ट, लंदन और ज्यूरिख के लिए वापसी उड़ानें भी संचालित की हैं। वहीं मंगलवार को एयरलाइन एम्स्टर्डम, बर्लिन, फ्रैंकफर्ट, लंदन, ज्यूरिख और मस्कट से उन यात्रियों को दोहा लाने की योजना बना रही है, जिनका अंतिम गंतव्य कतर की राजधानी है।
खाड़ी क्षेत्र में जारी तनाव और एयरस्पेस बंद होने के कारण कई देशों के यात्रियों को फिलहाल यात्रा संबंधी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।









