
आगरा : उत्तर प्रदेश के आगरा जिले के अकोला विकास खंड की ग्राम पंचायत अकोला की रहने वाली तमन्ना की दोबारा दुल्हन बनने की इच्छा पूरी नहीं हो पाई। इसके वेरिफिकेशन में पोल खुल गई। इसके बाद उनका एप्लीकेशन रिजेक्ट कर दिया गया।
वहीं, जगनेर की लक्ष्मी, खटीक पाड़ा लोहामंडी की खुशी और कोटली बागी के देवरी रोड की सविता ने भी मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत दुल्हन बनने का फायदा उठाने के लिए अप्लाई किया था, लेकिन वेरिफिकेशन के दौरान उनके साथ 1240 दूसरी महिलाओं की पोल खुल गई। ऐसी सभी महिलाओं के एप्लीकेशन रिजेक्ट कर दिए गए।
1240 ऐसे एप्लीकेशन मिले, जिनकी पहले गलत शादी हो चुकी थी
मार्च तक मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत शादियां कराई गईं। जिले में योजना के तहत 950 शादियों का टारगेट था। करीब 3600 एप्लीकेशन मिले थे। डेवलपमेंट ब्लॉक और नगर निगम लेवल पर वेरिफिकेशन किया गया। जिसमें 1240 ऐसे एप्लीकेशन मिले, जिनकी पहले गलत शादी हो चुकी थी। कुछ ऐसे भी एप्लीकेशन थे, जिनके सामूहिक विवाह प्रोग्राम तय तारीख के बाद हुए थे।
आवेदन खारिज कर दिया गया
जिसके कारण योजना का लाभ नहीं मिल सका। खुशी कुमार निवासी नगला परसोती सेवा की छह महीने पहले शादी हुई थी। उसने योजना का लाभ पाने के लिए आवेदन भी किया था, लेकिन जांच के दौरान उसकी शादी का पता चला और उसका आवेदन खारिज कर दिया गया।









