
पुणे। लोहागढ़ किले में अपने प्रेमी के साथ मिलकर मंगेतर केतन अग्रवाल की हत्या के आरोपी सिया गोयल ने पुलिस पूछताछ में चौंकाने वाला बयान दिया है। सिया ने दावा किया कि उसने केतन को साफ बता दिया था कि वह उससे शादी नहीं करना चाहती, लेकिन केतन सगाई तोड़ने को तैयार नहीं था। वहीं, सिया और उसके प्रेमी चेतन चौधरी ने हत्या की साजिश का ठीकरा एक-दूसरे के सिर फोड़ा है।
आरोपियों ने एक-दूसरे पर क्या लगाया आरोप?
पुणे ग्रामीण पुलिस के अनुसार, सिया ने दावा किया कि केतन के सगाई न तोड़ने पर चेतन ने ही उसे मारने की पूरी योजना तैयार की। वहीं, चेतन ने पुलिस को बताया कि हत्या के लिए सिया ने उस पर लगातार दबाव डाला था। हालांकि, पुलिस अधीक्षक संदीप सिंह गिल का कहना है कि अब तक की जांच से साफ है कि पूरी साजिश की मास्टरमाइंड सिया गोयल ही थी।
कैसे रची गई हत्या की साजिश?
25 वर्षीय रियल एस्टेट कारोबारी केतन अग्रवाल और सिया की सगाई हो चुकी थी और दोनों जून के पहले हफ्ते में प्री-वेडिंग शूट के लिए बाली जाने वाले थे, लेकिन पासपोर्ट चोरी होने से यह यात्रा रद हो गई। इसके बाद 14 जून को दोनों ट्रेकिंग के लिए लोहागढ़ किले पहुंचे, जहां सिया ने केतन को खाई में धकेलने की पहली कोशिश की, लेकिन वह पास के एक पेड़ को पकड़कर बच गया। तब सिया ने उसे यह कहकर बहला दिया कि सांप से बचाने के लिए उसने धक्का दिया था।
दूसरी बार प्रेमी को साथ लेकर पहुंची
18 जून को सिया ने केतन को अपने जन्मदिन के बहाने दोबारा लोहागढ़ किले बुलाया, लेकिन इस बार उसने अपने प्रेमी चेतन चौधरी को भी साथ ले लिया। दोनों ने मिलकर केतन को किले की चट्टान से नीचे धकेल दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। शुरुआत में सिया ने पुलिस को बताया कि तस्वीरें खींचते वक्त केतन पैर फिसलने से खाई में गिर गया, लेकिन अधिकारियों को उसकी बात पर यकीन नहीं हुआ।
कैसे खुली पुलिस की आंखें?
पुलिस अधीक्षक गिल ने बताया कि केतन एक अनुभवी ट्रेकर था, इसलिए पहाड़ से फिसलकर गिरने की संभावना बहुत कम थी। मृतक के परिवार ने सभी कड़ियों को जोड़कर पुलिस को पूरी जानकारी दी। केतन के पिता विशाल अग्रवाल ने बताया कि जब पुलिस बेटे का शव लेकर घर आई तो सिया के चेहरे पर जरा भी दुख नहीं था। इसके बाद संदेह के आधार पर स्थानीय क्राइम ब्रांच ने चेतन को हिरासत में लेकर सख्ती से पूछताछ की तो पूरी साजिश का खुलासा हो गया। जांच में पता चला कि सिया का चेतन के साथ प्रेम संबंध था और वह केतन को अपनी शादी में रोड़ा मानती थी, इसीलिए दोनों ने मिलकर उसे रास्ते से हटाने की साजिश रची। पुलिस ने चेतन के बयान के आधार पर सिया को भी गिरफ्तार कर लिया है।
लोहागढ़ किले का ऐतिहासिक महत्व
लोहागढ़ किला मराठा साम्राज्य के संस्थापक छत्रपति शिवाजी महाराज के गौरवशाली इतिहास से जुड़ा है। यह महाराष्ट्र के उन 12 किलों में शामिल है जिन्हें यूनेस्को की विश्व धरोहर स्थल की सूची में जगह मिली हुई है।









