
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में संपन्न हुई कैबिनेट बैठक में कुल 23 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को हरी झंडी दे दी गई है। इन फैसलों में औद्योगिक विकास, शिक्षा, किसानों के कल्याण और सुरक्षा व्यवस्था को प्राथमिकता दी गई है। सबसे बड़ा फैसला पिछले 19 साल से बंद पड़ी छाता शुगर मिल को लेकर लिया गया है, जिसे अब मक्का और धान आधारित एथेनॉल प्लांट में बदला जाएगा। 96 एकड़ में फैली इस परियोजना पर 200 करोड़ रुपये से अधिक खर्च होंगे, जिससे हर दिन 3.96 लाख लीटर एथेनॉल का उत्पादन होगा और हजारों लोगों को रोजगार मिलने की उम्मीद है।
बता दें, शिक्षा के क्षेत्र में बड़ा कदम उठाते हुए अलीगढ़ की तहसील कोल में ‘साईं ग्लोबल विश्वविद्यालय’ की स्थापना के लिए लेटर ऑफ इंटेंट जारी कर दिया गया है। इसके अलावा, राज्य के युवाओं और सुरक्षा कर्मियों के लिए भी कई बड़े ऐलान किए गए हैं। उप जेल वार्डन की सीधी भर्ती में पूर्व अग्निवीरों के लिए 20% पद आरक्षित किए गए हैं, जबकि पीआरडी जवानों को 5 लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज उपलब्ध कराने का प्रावधान किया गया है।
कैबिनेट बैठक में अन्य महत्वपूर्ण प्रस्तावों के तहत चित्रकूट लिंक एक्सप्रेसवे के संशोधित प्रस्ताव को मंजूरी, यूपी खिलौना विनिर्माण प्रोत्साहन नीति-2025 को पास, परिषदीय प्राथमिक स्कूलों को स्मार्ट बनाने, और अयोध्या के मिल्कीपुर में एनएसजी क्षेत्रीय केंद्र के लिए निशुल्क जमीन आवंटन को स्वीकृति दी गई है। इसके अलावा लघु और सीमांत किसानों को 6% ब्याज दर पर 6 लाख रुपये तक का दीर्घकालीन ऋण देने का भी निर्णय लिया गया है।









