
डेस्क : गुरुवार को CNN न्यूज़ चैनल को दिए एक साक्षात्कार में पूर्व अमेरकी राष्ट्रपति ओबामा ने कथित तौर पर कहा कि यदि भारत “जातीय अल्पसंख्यकों” के अधिकारों की रक्षा नहीं करता है, तो इस बात की प्रबल संभावना है कि आने वाले समय में भारत अलग होना शुरू हो जाएगा। ओबामा के इस बयान पर भारत में हड़कंप मच गया तमाम लोगो ने ओबामा की निंदा करना शुरू कर दिया.
There’s a deliberate attempt to vitiate the atmosphere in the country by the Opposition, because they can't win against the developmental policies of this govt.
— Nirmala Sitharaman Office (@nsitharamanoffc) June 25, 2023
– Smt @nsitharaman. (1/n) pic.twitter.com/Cepyt3IkQJ
ओबामा के बयान पर रविवार को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने जमकर ओबामा पर निशाना साधा और भारत में मुसलमानों की सुरक्षा पर उनकी टिप्पणी पर सवाल उठाया और कहा की उनके शासन के तहत संयुक्त राज्य अमेरिका ने “छह मुस्लिम-बहुल देशों पर बमबारी की थी” और 26,000 से अधिक बम गिराए गए थे.
सीतारमण ने भाजपा मुख्यालय में एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, “यह आश्चर्य की बात है कि जब प्रधानमंत्री अमेरिका के दौरे पर थे, तो एक पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति (बराक ओबामा) भारतीय मुसलमानों पर बयान दे रहे थे.”
“मैं सावधानी के साथ बोल रही हूं, हम अमेरिका के साथ अच्छी दोस्ती चाहते हैं। लेकिन वहां से भारत की धार्मिक सहिष्णुता पर टिप्पणियां आती हैं। शायद छह मुस्लिम बहुल देशों – सीरिया, यमन, सऊदी और इराक और अन्य मुस्लिम देशों पर उनके कारण बमबारी हुई थी (ओबामा)। 26,000 से अधिक बम गिराए गए,”। “जब वह ऐसे आरोप लगाएंगे तो क्या लोग उन पर भरोसा करेंगे।”
सीतारमण आगे ये भी कहती हैं प्रधान मंत्री मोदी को 13 देशों से सर्वोच्च नागरिक पुरस्कार प्राप्त हुए हैं, जिनमें छह मुख्य रूप से मुस्लिम आबादी वाले देश शामिल हैं। वित्त मंत्री ने आरोप लगाया कि विपक्ष के इशारे पर अल्पसंख्यकों के साथ किए जा रहे व्यवहार पर “निराधार” आरोप लगाने के लिए “संगठित अभियान” चलाया जा रहा है क्योंकि विपक्ष मोदी के नेतृत्व में भाजपा को चुनावी तौर पर नहीं हरा सकता है.









