
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की एक फेसबुक पोस्ट को कुछ देर के लिए हटाए जाने के मामले में इंटरनेट मीडिया कंपनी मेटा ने बुधवार को सरकार को विस्तृत पत्र लिखा है। इसमें कंपनी ने बताया कि अब प्रधानमंत्री और देश की अन्य प्रमुख हस्तियों के सोशल मीडिया अकाउंट से की जाने वाली पोस्ट पर अतिरिक्त कड़ी निगरानी रखी जाएगी और किसी भी सामग्री की समीक्षा कंपनी के वरिष्ठ अधिकारियों के कई स्तरों पर की जाएगी।
अगले हफ्ते हो सकती है बैठक
सूत्रों के मुताबिक, मेटा की एक टीम इसी हफ्ते या अगले हफ्ते की शुरुआत में सरकारी अधिकारियों से मिल सकती है, ताकि पूरे मामले पर विस्तार से चर्चा हो सके। इस बारे में मेटा की तरफ से अभी तक कोई औपचारिक जवाब नहीं आया है।
क्या था पूरा मामला?
बता दें कि 23 जुलाई को प्रधानमंत्री मोदी ने युवाओं को संबोधित करते हुए एक पोस्ट की थी, जिसमें उन्होंने पेपर लीक के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया था। यह पोस्ट कुछ समय के लिए फेसबुक से गायब हो गई, जिसके बाद सोशल मीडिया और राजनीतिक हलकों में जोरदार बहस छिड़ गई। हालांकि मेटा ने इसे तकनीकी गड़बड़ी बताकर माफी मांग ली थी, लेकिन सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने इस सफाई को नाकाफी करार दिया। इसके बाद मंगलवार को सरकार ने मेटा के एक शीर्ष कार्यकारी अधिकारी को तलब कर पूरे मामले पर सख्त रुख दिखाया था।









