
साल 2026 का आखिरी और दूसरा सूर्य ग्रहण आज, 12 अगस्त को रात के समय लगने जा रहा है। भारतीय समयानुसार यह पूर्ण सूर्य ग्रहण रात 09:04 बजे से शुरू होगा और 13 अगस्त की देर रात 01:27 बजे समाप्त होगा, जबकि इसका चरम रात 11:16 बजे होगा। कर्क राशि और अश्लेषा नक्षत्र में लगने वाला यह सूर्य ग्रहण सावन अमावस्या के दिन पड़ रहा है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन शिव उपासना, स्नान और दान का विशेष महत्व होता है।
ज्योतिष शास्त्र और धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, सूर्य ग्रहण एक नकारात्मक घटना है जिसका प्रभाव देश-दुनिया के साथ-साथ सभी राशियों पर भी पड़ता है। ऐसे में ग्रहण के दौरान कुछ खास सावधानियां बरतने की सलाह दी जाती है। इस दौरान चाकू, सुई, कैंची और रेजर जैसी नुकीली चीजों के इस्तेमाल से सख्त परहेज करना चाहिए। गर्भवती महिलाओं को इस दौरान विशेष रूप से सतर्क रहने की जरूरत होती है, ताकि गर्भ में पल रहे बच्चे पर इसका कोई बुरा असर न पड़े।
धार्मिक नियमों के मुताबिक, ग्रहण काल के दौरान सोने, बिना जरूरत कुछ खाने-पीने और पूजा घर की मूर्तियों को स्पर्श करने से बचना चाहिए। इसके अलावा कोई भी नया कार्य शुरू करने या किसी नई योजना की शुरुआत करने से भी मना किया जाता है। ग्रहण समाप्त होने के बाद पूरे घर की शुद्धि कर स्नान और पूजा-पाठ करना शुभ माना जाता है।









