
डेस्क : बाराबंकी के नगर कोतवाली क्षेत्र स्थित राजकीय संप्रेक्षण गृह से दो किशोरियों के फरार होने की कोशिश का मामला सामने आया है। दोनों किशोरियां मथुरा में एक किशोरी की हत्या के मामले में आरोपी हैं और महज तीन दिन पहले ही उन्हें मथुरा से बाराबंकी लाया गया था। दोनों को आवास विकास कॉलोनी स्थित राजकीय संप्रेक्षण गृह में रखा गया था।
आरोप है कि दोनों किशोरियों ने संप्रेक्षण गृह के स्टाफ को चाय में जहरीला पदार्थ मिलाकर बेहोश करने और इसके बाद वहां से भागने की साजिश रची। हालांकि, उनकी यह कोशिश सफल नहीं हो सकी। घटना सामने आने के बाद संप्रेक्षण गृह की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
बताया जा रहा है कि दोनों किशोरियों पर मथुरा के बालगृह में एक अन्य किशोरी की हत्या का आरोप है। मथुरा से बाराबंकी स्थानांतरित किए जाने के महज तीन दिन बाद ही उनके फरार होने की कोशिश ने मामले को और गंभीर बना दिया है।
फिलहाल दोनों किशोरियों की काउंसलिंग कराई जा रही है। पुलिस और प्रशासन की ओर से पूरे घटनाक्रम की जांच की जा रही है। अधिकारियों की जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि आखिर फरार होने की साजिश कैसे रची गई और इसमें किसी अन्य की भूमिका थी या नहीं। दोनों आरोपी नाबालिग हैं, इसलिए उनकी पहचान गोपनीय रखी गई है।









