
उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले के छावनी थाना क्षेत्र स्थित छतौना गांव के सामने एक बेहद दुखद हादसा सामने आया है। टेढ़ी नदी पर बने पीपा पुल में फंसकर करीब 17 भैंसों की दर्दनाक मौत हो गई, जिससे स्थानीय पशुपालकों के बीच हड़कंप और मातम पसरा हुआ है।
दरअसल, विक्रमजोत और चांदपुर इलाके के लगभग एक दर्जन पशुपालकों की सैकड़ों भैंसें रोज की तरह नदी पार माझा क्षेत्र में चरने के लिए गई थीं। जब शाम ढलने तक कई भैंसें वापस घर नहीं लौटीं, तो चिंतित पशुपालकों ने उनकी खोजबीन शुरू की। ढूंढते-ढूंढते जब लोग टेढ़ी नदी के पास पहुंचे, तो पीपा पुल के नीचे पानी की तेज धारा में दबे हुए 17 भैंसों के शव तैरते मिले।
ग्रामीणों ने अपने स्तर पर पशुओं को बाहर निकालने की काफी कोशिश की, लेकिन नदी का बहाव तेज होने के कारण उन्हें सफलता नहीं मिल सकी। इसके बाद ग्राम प्रधान ने तुरंत स्थानीय पुलिस और एसडीएम हर्रैया को घटना की जानकारी दी। सूचना मिलते ही प्रशासनिक अमला, पशु चिकित्साधिकारी और क्षेत्र के लेखपाल मौके पर पहुंचे।
कानों में लगे सरकारी टैग और अन्य शारीरिक पहचान के आधार पर कुल नौ पशुपालकों की 17 मृत भैंसों की शिनाख्त कर ली गई है। ग्रामीणों का कहना है कि माझा क्षेत्र से अभी भी कई पशु गायब हैं, जिससे मौत का आंकड़ा और बढ़ने की आशंका है। बेबस पशुपालकों ने प्रशासन से गुहार लगाई है कि पीपा पुल को जल्द हटवाकर नदी में फंसे बाकी पशुओं के शव बाहर निकाले जाएं।









