
डेस्क : वेस्टइंडीज के खिलाफ आगामी वनडे सीरीज से पहले भारतीय टीम के अभ्यास सत्र में उस समय चिंता की स्थिति बन गई, जब कप्तान शुभमन गिल की कोहनी पर तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज की एक उठती हुई गेंद जा लगी। गेंद लगने के बाद गिल दर्द में दिखाई दिए और मेडिकल टीम ने करीब 20 मिनट तक उनकी निगरानी की। हालांकि, बाद में उन्होंने मैदान पर वापसी करते हुए थ्रोडाउन का सामना किया, जिसके बाद टीम ने अपना अभ्यास सत्र समाप्त किया। गिल की वापसी से भारतीय टीम को राहत मिली।
बता दे कि अभ्यास के दौरान विराट कोहली और रोहित शर्मा भी नेट्स में बल्लेबाजी करते नजर आए। दोनों खिलाड़ियों ने अलग-अलग नेट्स में करीब 20 मिनट तक बल्लेबाजी की और भारतीय गेंदबाजों के साथ स्थानीय नेट गेंदबाजों का भी सामना किया। दोनों बल्लेबाजों की बल्लेबाजी के दौरान अच्छी लय देखने को मिली।
वही भारतीय गेंदबाजी कोच मोर्ने मोर्कल ने टीम में वरिष्ठ खिलाड़ियों की मौजूदगी और उनके अनुभव को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि गिल कप्तान के तौर पर अच्छा काम कर रहे हैं, लेकिन टीम को दिशा देने में अनुभवी खिलाड़ियों की भूमिका भी अहम है। मोर्कल के मुताबिक, युवा खिलाड़ियों को रोहित और अन्य वरिष्ठ क्रिकेटरों से बातचीत के पर्याप्त अवसर देने की कोशिश की जा रही है, ताकि वे उनके अनुभव से सीख सकें।
वहीं, वेस्टइंडीज की टीम 23 सितंबर को तिरुवनंतपुरम पहुंचने के बाद भी अब तक अभ्यास के लिए मैदान पर नहीं उतरी है। टीम के खिलाड़ियों और बोर्ड के बीच हालिया वित्तीय बदलावों को लेकर बातचीत जारी है। क्रिकेट वेस्टइंडीज ने वित्तीय पुनर्गठन के तहत खिलाड़ियों की रिटेनर फीस में 25 प्रतिशत कटौती की घोषणा की है। अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों के 12 महीने के अनुबंध जारी रहेंगे, जबकि घरेलू खिलाड़ियों के रिटेनर अनुबंध को सात महीने तक सीमित किया जाएगा।
क्रिकेट वेस्टइंडीज के मुख्य कार्यकारी क्रिस डियरिंग ने इस कदम को वित्तीय स्थिरता के लिए जरूरी बताया है। हालांकि, उन्होंने मौजूदा स्थिति को आदर्श नहीं माना। तिरुवनंतपुरम पहुंच चुके वेस्टइंडीज के खिलाड़ी बोर्ड और वेस्टइंडीज प्लेयर्स एसोसिएशन के संपर्क में हैं और वित्तीय फैसले से जुड़ी जानकारी की पुष्टि कर रहे हैं।









