
कानपुर के नौबस्ता थाना क्षेत्र से धोखाधड़ी और फर्जीवाड़े का एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। यहां ओम जी शुक्ला कोचिंग संस्थान में सुरक्षा गार्ड के रूप में कार्यरत व्यक्ति को वाणिज्य कर विभाग (GST) की ओर से 3.14 करोड़ रुपये का नोटिस थमा दिया गया। पीड़ित सुरक्षा गार्ड की महीने की कमाई महज 10,000 रुपये है, लेकिन कागजों पर उसे एक भारी-भरकम टैक्सपेयर दर्शा दिया गया।
मामला सिर्फ नोटिस तक सीमित नहीं रहा; विभाग ने उसे बड़ा टैक्सपेयर मानकर उसका राशन कार्ड भी निरस्त कर दिया। इसके बाद पीड़ित पिछले एक साल से सरकारी दफ्तरों के चक्कर काटने को मजबूर था। जब भी वह अपनी फरियाद लेकर अधिकारियों के पास जाता, तो उसे यह कहकर टाल दिया जाता था कि यह मामला केंद्र सरकार से जुड़ा हुआ है।
सालों की भागदौड़ और मानसिक प्रताड़ना के बाद, पीड़ित सुरक्षा गार्ड ने कानपुर के पुलिस कमिश्नर से मुलाकात कर अपनी आपबीती सुनाई। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस कमिश्नर ने तत्काल संज्ञान लिया और नौबस्ता पुलिस को फर्जीवाड़े में शामिल लोगों के खिलाफ तुरंत एफआईआर (FIR) दर्ज कर कड़ी जांच के आदेश दे दिए हैं।









