
मुंबई का सबसे घनी आबादी वाला इलाका धारावी जल्द ही एक हाई-टेक स्मार्ट सिटी, मॉडर्न ट्रांसपोर्ट हब और बेहतरीन पब्लिक स्पेस में बदलने जा रहा है। वैश्विक वित्तीय सेवा कंपनी HSBC की एक हालिया रिपोर्ट के अनुसार, धारावी रीडेवलपमेंट प्रोजेक्ट (Dharavi Redevelopment Project) एशिया की सबसे बड़ी शहरी नवीनीकरण पहलों में से एक है, जो यहाँ रहने वाले 10 लाख से अधिक लोगों की जिंदगी को पूरी तरह से बदल देगा।
क्या है धारावी रीडेवलपमेंट प्रोजेक्ट?
इस महत्वाकांक्षी योजना की ताजा जानकारी ‘ऐडएनुअल कॉन्फ्रेंस 2026’ (AdAnnual Conference 2026) के दौरान “ट्रांसफॉर्मिंग धारावी: ए मॉडल फॉर इनक्लूसिव अर्बन रिन्यूअल” सत्र में साझा की गई। इस सत्र में प्रणव अडानी और नवभारत मेगा डेवलपर्स के सीईओ अनिल सरदाना ने प्रोजेक्ट के ब्लूप्रिंट पर चर्चा की। HSBC की रिपोर्ट के मुताबिक, इस प्रोजेक्ट के तहत लगभग 125,000 घरों का पुनर्वास (Rehabilitation) किया जाएगा। यह प्रोजेक्ट कुल 95 मिलियन वर्ग फुट में फैला होगा, जो स्मार्ट सिटी, मल्टी-मोडल ट्रांसपोर्ट हब और आधुनिक आवास का एक बेहतरीन संगम होगा।
क्यों खास है धारावी?
मध्य मुंबई में लगभग 600 एकड़ में फैला धारावी 10 लाख से अधिक लोगों का घर है। यह सिर्फ एक रिहायशी इलाका नहीं, बल्कि एक बड़ा आर्थिक केंद्र भी है। यहाँ चमड़ा निर्माण, मिट्टी के बर्तन (पॉटरी), फूड प्रोसेसिंग और प्लास्टिक रीसाइक्लिंग जैसे हजारों छोटे और घरेलू उद्योग चलते हैं। दशकों से बुनियादी ढांचे की कमी और अत्यधिक भीड़भाड़ के बावजूद धारावी अपनी उद्यमशीलता (Entrepreneurial Spirit) के लिए जाना जाता रहा है।
कितना बड़ा है यह मास्टर प्लान?
धारावी पुनर्विकास योजना कुल 225 मिलियन वर्ग फुट क्षेत्र में फैली हुई है। इसे दो मुख्य भागों में बांटा गया है:
- 95 मिलियन वर्ग फुट: स्थानीय निवासियों के पुनर्वास (फ्री होम) के लिए।
- 130 मिलियन वर्ग फुट: फ्री-सेल डेवलपमेंट (व्यावसायिक और आवासीय बिक्री) के लिए।
यह प्रोजेक्ट महाराष्ट्र सरकार और अडानी ग्रुप के बीच पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) के तहत पूरा किया जा रहा है, जिसमें महाराष्ट्र सरकार की 20 प्रतिशत और अडानी ग्रुप की 80 प्रतिशत हिस्सेदारी है।
1.25 लाख से अधिक नए घरों का निर्माण
इस प्रोजेक्ट का सबसे बड़ा फोकस हाउसिंग पर है। निवासियों के लिए 125,000 से अधिक नए और सुरक्षित घर बनाए जाएंगे। इनमें से लगभग आधे घर खुद धारावी के अंदर ही बनेंगे, जबकि बाकी घरों को मुंबई महानगर क्षेत्र (MMR) के छह अलग-अलग स्थानों पर विकसित किया जाएगा। इसका उद्देश्य लोगों के जीवन स्तर को सुधारना और उन्हें सुरक्षित माहौल देना है।
मेट्रो स्टेशन, स्कूल और ग्रीन स्पेस से लैस होगी नई धारावी
यह प्रोजेक्ट सिर्फ मकान बनाने तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें वर्ल्ड-क्लास इंफ्रास्ट्रक्चर शामिल है:
- एक मल्टी-मोडल ट्रांसपोर्ट हब और बस डिपो।
- 3 नए मेट्रो स्टेशन ताकि कनेक्टिविटी बेहतर हो सके।
- आधुनिक स्कूल और एडवांस हेल्थकेयर (स्वास्थ्य) सुविधाएं।
- स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स, ग्रीन स्पेस (पार्क) और पैदल चलने वालों के लिए वॉकवे।
BKC के पास रियल एस्टेट का सबसे बड़ा मौका
धारावी का यह मेकओवर व्यावसायिक रूप से भी बेहद महत्वपूर्ण है। मुंबई के प्रमुख बिजनेस डिस्ट्रिक्ट ‘बांद्रा कुर्ला कॉम्प्लेक्स’ (BKC) से महज 5 किलोमीटर की दूरी पर 130 मिलियन वर्ग फुट का फ्री-सेल एरिया तैयार होगा। एक्सपर्ट्स मान रहे हैं कि यह मौजूदा समय में मुंबई का सबसे बड़ा और आकर्षक रियल एस्टेट अवसर साबित होने वाला है।
पर्यावरण सुधार के लिए भी बड़ा प्लान
शहरी विकास के साथ-साथ इस प्रोजेक्ट में पर्यावरण को बचाने के लिए भी कई बड़े कदम उठाए जा रहे हैं:
- मीठी नदी (Mithi River) की पूरी तरह से सफाई।
- देवनार डंपिंग ग्राउंड का वैज्ञानिक तरीके से साफ-सफाई।
- 6 किलोमीटर लंबे मैंग्रोव क्रीट (Mangrove Creek) का विकास।
- मीठी नदी के किनारे मुंबई के ‘मरीन ड्राइव’ की तर्ज पर एक आलीशान प्रोमनेड (Promenade) का निर्माण।
कब तक पूरा होगा यह ड्रीम प्रोजेक्ट?
HSBC की रिपोर्ट के अनुसार, निवासियों के पुनर्वास (Rehabilitation Phase) के काम में लगभग 7 से 8 साल का समय लगेगा।
- दिसंबर 2026 तक भारतीय रेलवे की जमीन पर बनने वाली पहली इमारत को सौंप दिया जाएगा।
- वित्त वर्ष 2027 (FY27) के दौरान लगभग 30,000 आवास इकाइयों (Housing Units) का निर्माण कार्य तेजी से शुरू होने की उम्मीद है।
- खास बात यह है कि अडानी ग्रुप ने पुनर्वासित घरों के रखरखाव और संचालन (Operations and Maintenance) के लिए 10 साल की सहायता देने की प्रतिबद्धता जताई है।









