
देहरादून। कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की भारी भीड़ और यातायात को सुचारू रखने के लिए देहरादून पुलिस ने 30 जुलाई से 11 अगस्त तक के लिए विशेष ट्रैफिक और डायवर्जन प्लान लागू कर दिया है। पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि वे जारी एडवाइजरी का पालन करें और वैकल्पिक रास्तों का इस्तेमाल करें, ताकि जाम और परेशानी से बचा जा सके।
क्या रहेगा रूट प्लान?
हरियाणा, हिमाचल प्रदेश और कुरुक्षेत्र से आने वाले भारी कांवड़ वाहनों को पांवटा साहिब, यमुनानगर, सहारनपुर, भगवानपुर और रुड़की होते हुए बैरागी कैंप भेजा जाएगा। छोटे वाहनों के लिए पांवटा साहिब-धर्मावाला-दर्रारेट-बेहट-भगवानपुर-रुड़की-हरिद्वार का रास्ता तय किया गया है। सहारनपुर की तरफ से आने वाले किसी भी कांवड़ वाहन को दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर आने की अनुमति नहीं होगी। गलती से कोई वाहन एक्सप्रेसवे या देहरादून की सीमा में घुसता है तो उसे तुरंत डायवर्ट कर हरिद्वार की ओर भेजा जाएगा।
ऋषिकेश और नीलकंठ के लिए अलग रास्ते
ऋषिकेश और नीलकंठ जाने वाले कांवड़ियों के लिए भी अलग-अलग रूट तय किए गए हैं। भारी वाहनों को नेपाली फार्म, श्यामपुर और आईडीपीएल पार्किंग की तरफ भेजा जाएगा, जबकि छोटे वाहन ऋषिकेश बाईपास, नटराज चौक और खाराश्रोत मार्ग से जाएंगे। वापसी के लिए भी अलग निकास मार्ग बनाए गए हैं, ताकि शहर में ट्रैफिक का दबाव न बढ़े।
शहर में कांवड़ वाहनों की एंट्री पूरी तरह बैन
देहरादून शहर की सीमा में कांवड़ वाहनों का प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। एसपी ट्रैफिक ने बताया कि पांच अगस्त से कांवड़ मेला खत्म होने तक हरिद्वार जाने वाले सभी भारी वाहनों पर रोक लागू रहेगी। सिर्फ एंबुलेंस, पुलिस और फायर ब्रिगेड जैसी इमरजेंसी सेवाओं को ही छूट मिलेगी। नो-पार्किंग जोन में वाहन खड़ा करने पर टोइंग और कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने लोगों से अनावश्यक हॉर्न न बजाने और ट्रैफिक नियमों का सख्ती से पालन करने की अपील भी की है।
12 जगहों पर पुलिस तैनात, दो शिफ्टों में ड्यूटी
यातायात व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त रखने के लिए महादेव चौक, आशारोड़ी, आईएसबीटी, कारगी चौक, नेपाली फार्म और नटराज चौक समेत 12 अहम बैरियर और डायवर्जन प्वाइंट पर पुलिस बल तैनात किया गया है, जो दो शिफ्टों में काम करेगा। ऋषिकेश, नीलकंठ और हरिद्वार में कई बड़ी पार्किंग भी चिन्हित की गई हैं, जहां कांवड़ वाहनों को पार्क कराया जाएगा।









