
मैनपुरी : अयोध्या के भव्य राम मंदिर में आए दान और चढ़ावे में हुई कथित हेराफेरी (Ram Mandir Donation Row) को लेकर उत्तर प्रदेश की राजनीति का पारा एक बार फिर चढ़ गया है। मैनपुरी से समाजवादी पार्टी की सांसद डिंपल यादव ने इस मामले को लेकर प्रदेश और केंद्र की बीजेपी सरकार को आड़े हाथों लिया है। डिंपल यादव ने आरोप लगाया कि सरकार राम मंदिर के चढ़ावे में हुई चोरी और घोटाले के इस संवेदनशील मामले को पूरी तरह दबाने की कोशिश कर रही थी।
“अखिलेश यादव ने उठाया मुद्दा, तब सामने आई सच्चाई”
सांसद डिंपल यादव ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि अगर समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव इस गंभीर मुद्दे को प्रमुखता से नहीं उठाते, तो शायद यह घोटाला कभी सामने ही नहीं आता। उन्होंने कहा, “जब अखिलेश यादव जी ने इस मामले को जोरदार तरीके से उठाया और जनता के सामने रखा, तब जाकर सरकार और जांच एजेंसियों को इस पर कदम उठाने के लिए मजबूर होना पड़ा है।”
‘बीजेपी सरकार में संविधान से नहीं चलती कोई चीज’
सरकार की कार्यप्रणाली और कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करते हुए डिंपल यादव ने बेहद कड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा, “आज भारतीय जनता पार्टी की सरकार में कोई भी चीज संविधान और नियमों के मुताबिक नहीं चल रही है।” सपा सांसद ने आरोप लगाया कि संस्थाओं का दुरुपयोग किया जा रहा है और जनता से जुड़े व आस्था से जुड़े बड़े मामलों में भी पारदर्शिता नहीं बरती जा रही है।
चढ़ावा कांड पर लगातार आक्रामक है समाजवादी पार्टी
बता दें कि अयोध्या राम मंदिर के दान-चढ़ावे में विसंगतियों और मुख्य संदिग्धों के ठिकानों पर हो रही छापेमारी की खबरों के बाद से ही समाजवादी पार्टी इस मुद्दे पर सरकार के खिलाफ मोर्चा खोले हुए है। डिंपल यादव के इस ताजा बयान ने साफ कर दिया है कि सपा इस मुद्दे को संसद से लेकर सड़क तक पूरी ताकत से उठाने जा रही है, जो आने वाले दिनों में यूपी की सियासत को और गरमा सकता है।









