नदी संसाधनों के दोहन पर तय होंगे मानक, IIT कानपूर और दिल्ली में आयोजित हो रहा है बड़ा शिखर सम्मलेन

गंगा नदी बेसिन प्रबंधन और अध्ययन केंद्र (Centre for Ganga River Basin Management and Studies ; c-Ganga) के साथ स्वच्छ गंगा के लिए राष्ट्रीय मिशन (NMCG) संयुक्त रूप से 9 दिसंबर से 14 दिसंबर 2021 तक भारत जल प्रभाव शिखर सम्मेलन (IWIS) के 6 वें संस्करण का आयोजन कर रहा है। नई दिल्ली और आईआईटी, कानपुर के NMCG कार्यालय में इस शिखर सम्मेलन का आयोजन किया जा रहा है।

9 दिसंबर 2021 को, इस शिखर सम्मेलन का उद्घाटन केंद्रीय जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत करेंगे। इस अवसर पर राज्य मंत्री, सचिव, जल शक्ति मंत्रालय, महानिदेशक, और NMCG ; c-Ganga के संस्थापक प्रमुख मौजूद रहेंगे। c-Ganga के तहत इस वर्ष आयोजित होने वाले शिखर सम्मेलन में विज्ञान, प्रौद्योगिकी और नीति, वित्त और अर्थशास्त्र, प्रौद्योगिकी और नवाचार, अंतर्राष्ट्रीय और नीति, कानून और शासन पर विभिन्न सत्र हैं।

छठे IWIS 2021 का अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी फोकस करेगा। इस शिखर सम्मलेन में नदियों को स्वच्छ और निर्मल बनाने के लिए यूरोपीय संघ, डेनमार्क, नीदरलैंड, नॉर्वे, संयुक्त राज्य अमेरिका, यूके, ऑस्ट्रेलिया और ब्रिक्स देशों के साथ सहयोग पर चर्चा होगी। इस वर्ष आयोजन के अंतर्राष्ट्रीय सत्रों में भारतीय राजदूतों और उच्चायुक्तों के अलावा उनके समकक्षों की भी मौजूदगी रहेगी।

पूर्ण सत्र मुख्य रूप से प्रत्येक दिन क्रमशः ऊपरी, मध्य, निचले और डेल्टा क्षेत्रों को शामिल करके क्षेत्रीय स्तर पर नदी संसाधन आवंटन – योजना और प्रबंधन पर ध्यान केंद्रित करेगा। बता दें कि, हाइब्रिड मोड में आयोजित ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों रूपों में आयोजित होने वाले पांच दिवसीय कार्यक्रम भारत जल प्रभाव शिखर सम्मेलन, IWIS 2021 के लिए इस वर्ष की थीम ‘नदी संसाधन आवंटन, क्षेत्रीय स्तर पर योजना और प्रबंधन’ है।

SHARE

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

16 − 14 =

Back to top button
Live TV