
आगरा : उत्तर प्रदेश के आगरा जिले के फतेहाबाद क्षेत्र में सोमवार शाम को उस समय भीषण बवाल हो गया, जब एक सड़क हादसे में ख्वासपुरा निवासी युवक की मौत के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने पुलिस टीम पर जबरदस्त पथराव कर दिया। सोमवार शाम करीब 5:45 बजे शुरू हुआ यह बवाल देखते ही देखते बेहद हिंसक हो गया। सड़क पर शव रखकर न्याय की मांग को लेकर धरने पर बैठे ग्रामीणों को जब पुलिस ने हटाने की कोशिश की, तो उग्र भीड़ ने पुलिसकर्मियों को निशाना बनाकर चारों तरफ से पथराव शुरू कर दिया।
आगरा
— भारत समाचार | Bharat Samachar (@bstvlive) June 15, 2026
➡एक्सीडेंट में युवक की मौत के बाद बवाल
➡मामले में पुलिस ने शुरू की कार्यवाही
➡पुलिस पर हुआ था पथराव, की गई तोड़फोड़
➡पुलिस ने चार उपद्रवियों को किया गिरफ्तार
➡वीडियो देख अन्य बवाली किए जा रहे चिन्हित
➡अराजक तत्वों पर किया जा रहा है मुकदमा
➡CP आगरा दीपक कुमार ने दी… pic.twitter.com/4lms7LiuMx
लगभग 15 मिनट तक चले इस ताबड़तोड़ पथराव में ड्यूटी पर तैनात 11 पुलिसकर्मी गंभीर रूप से घायल और लहूलुहान हो गए। घटना के बाद इलाके में चीख-पुकार और अफरातफरी मच गई। हालात इस कदर बिगड़ गए कि स्थिति पर काबू पाने के लिए आस-पास के कई थानों की भारी पुलिस फोर्स और आला अधिकारियों को तुरंत मौके पर बुलाना पड़ा।
चौंकाने वाली बात यह है कि इस बड़े बवाल से कुछ ही देर पहले उत्तर प्रदेश सरकार के मत्स्य पालन मंत्री डॉ. संजय निषाद भी मौके पर पहुंचे थे। उन्होंने आक्रोशित ग्रामीणों और परिजनों को समझा-बुझाकर जाम खोलने और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजने का अनुरोध किया था। लेकिन, मंत्री के लाख समझाने के बाद भी उग्र लोग सड़क से हटने को तैयार नहीं हुए, जिसके बाद मंत्री डॉ. संजय निषाद वहां से वापस लौट गए। उनके जाते ही पुलिस ने जब कानून-व्यवस्था बहाल करने के लिए शव को कब्जे में लेने का प्रयास किया, तो भीड़ हिंसक हो उठी। फिलहाल, पूरे इलाके को छावनी में तब्दील कर दिया गया है और पुलिस वीडियो फुटेज के आधार पर पथराव करने वाले उपद्रवियों की पहचान कर उनकी गिरफ्तारी के लिए दबिश दे रही है।









