
बिहार के बक्सर जिले के कृष्णाब्रह्म थाना क्षेत्र से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है, जहां शादी के कुछ ही दिनों बाद पति के शैक्षणिक प्रमाणपत्र (डिग्री) को लेकर विवाद इतना बढ़ा कि मामला सीधे थाने तक पहुंच गया। विवाहिता ने आरोप लगाया है कि शादी के वक्त उसके पति को बीएड पास बताया गया था, लेकिन ससुराल पहुंचने पर जब उसने प्रमाणपत्र देखा तो उस पर पति के बजाय उसके भाई का नाम दर्ज मिला। इस फर्जीवाड़े का विरोध करने पर उसके साथ मारपीट की गई और जान से मारने की धमकी दी गई।
क्या है पूरा मामला?
प्राप्त जानकारी के अनुसार, कृष्णाब्रह्म थाना क्षेत्र के सोवा गांव निवासी जनार्दन राम के पुत्र राकेश राम के साथ भोजपुर जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र के सेमरिया गांव निवासी छोटन राम की पुत्री का विवाह बीते 24 जून 2026 को धूमधाम से हुआ था। शादी के शुरुआती दिनों तक सब कुछ ठीक चल रहा था, लेकिन जब विवाहिता ने पति के बीएड का प्रमाणपत्र देखा, तो उसे उसमें गड़बड़ी मिली। प्रमाणपत्र पर पति की जगह उसके छोटे भाई यानी देवर का नाम अंकित था।
हाथ-पैर बांधकर पीटने का आरोप
पीड़िता द्वारा कृष्णाब्रह्म थाने में दर्ज कराई गई प्राथमिकी के अनुसार, जब उसने इस बात पर आपत्ति जताई और सवाल किया, तो पति राकेश राम, देवर राजन राम, ससुर जनार्दन राम, सास, ननद समेत कुल सात लोगों ने मिलकर उसके साथ अमानवीय व्यवहार किया। आरोप है कि उसके हाथ-पैर बांधकर बेरहमी से मारपीट की गई। साथ ही यह भी आरोप लगाया गया है कि उसे लगातार दहेज के लिए प्रताड़ित किया जाता था और विरोध करने पर जान से मारने की धमकियां दी जाती थीं। पुलिस ने पीड़िता के आवेदन पर सभी सात नामजद आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है और मामले की गंभीरता से जांच शुरू कर दी है।









