
लखनऊ: समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष और वरिष्ठ नेता किरणमय नंदा ने भारत समाचार से बातचीत करते हुए विपक्ष और सत्ता पक्ष के बीच चल रही दलबदल की चर्चाओं पर विराम लगा दिया है। किरणमय नंदा ने समाजवादी पार्टी के सांसदों में किसी भी तरह की टूट या असंतोष के दावों को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि सपा का एक भी सांसद कहीं नहीं जाने वाला है। इसके उलट उन्होंने सत्तारूढ़ एनडीए (NDA) गठबंधन में बड़ी सेंधमारी का दावा करते हुए कहा कि भारतीय जनता पार्टी और सहयोगी दलों के कई विधायक इस समय समाजवादी पार्टी के शीर्ष नेतृत्व के सीधे संपर्क में हैं।
लखनऊ: सपा राष्ट्रीय उपाध्यक्ष किरणमय नंदा का बयान
— भारत समाचार | Bharat Samachar (@bstvlive) June 18, 2026
सपा सांसदों में टूट के दावों को खारिज किया। सपा का एक भी सांसद नहीं टूटेगा। NDA के कई विधायक सपा के संपर्क में, 2027 में भाजपा की हार का दावा किया। सपा के ब्राह्मण सम्मेलन को सफल बताया, ब्राह्मण समाज सपा सरकार बनाएगा। ‘राम… pic.twitter.com/jcL9cGmhW9
किरणमय नंदा ने सूबे के राजनीतिक समीकरणों पर बेबाकी से बात करते हुए दावा किया कि उत्तर प्रदेश की जनता मौजूदा सरकार की नीतियों से त्रस्त हो चुकी है और साल 2027 के विधानसभा चुनाव में बीजेपी की करारी हार तय है। हाल ही में समाजवादी पार्टी द्वारा आयोजित किए गए प्रबुद्ध वर्ग (ब्राह्मण) सम्मेलन का जिक्र करते हुए उन्होंने इसे ऐतिहासिक रूप से सफल बताया। नंदा ने कहा कि उत्तर प्रदेश का प्रबुद्ध और ब्राह्मण समाज इस बार पूरी तरह से अखिलेश यादव के साथ खड़ा है और आने वाले समय में ब्राह्मण समाज ही उत्तर प्रदेश में पूर्ण बहुमत की सपा सरकार बनाने जा रहा है।
अयोध्या के राम मंदिर ट्रस्ट में सामने आए दान चोरी और वित्तीय विसंगतियों के मामले पर तीखा रुख अपनाते हुए सपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ने कहा कि भगवान श्रीराम करोड़ों लोगों की आस्था के केंद्र हैं। उन्होंने बेहद कड़े शब्दों में कहा, “प्रभु राम के मंदिर में चोरी करने वाले लोग कभी भी रामभक्त नहीं हो सकते।” किरणमय नंदा के इस चौतरफा हमले और एनडीए विधायकों के संपर्क में होने के दावे के बाद उत्तर प्रदेश के सियासी गलियारों में एक बार फिर दावों और पलटवार की राजनीति तेज हो गई है।









