
वाशिंगटन: अमेरिका के ओहायो राज्य में हुए एक भीषण सड़क हादसे ने एक परिवार की खुशियां उजाड़ दी हैं। इस दुर्घटना में 17 वर्षीय एक गर्भवती किशोरी एश्ली होम्स और उसके अजन्मे बच्चे की दर्दनाक मौत हो गई। इस मामले में अब पीड़ित किशोरी की मां एनेट होम्स ने आरोपी भारतीय नागरिक तरसेम सिंह को अमेरिका से स्थायी रूप से डिपोर्ट करने की मांग उठाई है। मां का कहना है कि आरोपी अवैध रूप से अमेरिका में दाखिल हुआ था और वह उसे अब इस देश में नहीं देखना चाहतीं। पीड़ित परिवार के मुताबिक, 33 वर्षीय आरोपी तरसेम सिंह ही मृतका के अजन्मे बच्चे का पिता था और एश्ली कई बार इस रिश्ते से बाहर निकलने का प्रयास कर चुकी थी, लेकिन वह कामयाब नहीं हो पाई थी।
120 मील प्रति घंटे से अधिक की रफ्तार पर हुआ हादसा
पुलिस और ओहायो स्टेट हाईवे पेट्रोल की दुर्घटना रिपोर्ट के अनुसार, यह हादसा बीती 16 फरवरी को हुआ जब एश्ली होम्स एक रेंज रोवर वेलार कार में सवार थी। जांच एजेंसियों के मुताबिक, तरसेम सिंह ने पुलिस के रुकने के इशारे को अनदेखा कर दिया और भागने की कोशिश की। इसके बाद पुलिस और वाहन के बीच हाई-स्पीड पीछा शुरू हो गया। 55 मील प्रति घंटे की गति सीमा वाले क्षेत्र में शुरुआत में गाड़ी 79 मील प्रति घंटे की रफ्तार पर थी, जो बाद में बढ़कर 120 मील प्रति घंटे से भी अधिक हो गई। अत्यधिक तेज रफ्तार होने के कारण चालक मोड़ पर कार से नियंत्रण खो बैठा। गाड़ी सड़क के दूसरी तरफ जाकर एक जीप से टकरा गई और कई बार पलट गई। इस दौरान एश्ली होम्स कार से बाहर जा गिरी और गंभीर चोटें आने के कारण उसकी व उसके अजन्मे बच्चे की मौके पर ही मौत हो गई।
2017 में अवैध रूप से आया था आरोपी, दर्ज हुए कई मामले
अमेरिकी गृह सुरक्षा विभाग (Department of Homeland Security) के अनुसार, तरसेम सिंह फरवरी 2017 में कैलिफोर्निया की दक्षिणी सीमा से अवैध रूप से अमेरिका में घुसा था। तब उसे गिरफ्तार किया गया था, लेकिन बाद में न्यायाधीश ने उसे जमानत पर रिहा कर दिया था। इस ताजा घटना के बाद अमेरिकी आव्रजन एवं सीमा शुल्क प्रवर्तन एजेंसी (ICE) ने उसके खिलाफ डिटेनर जारी किया है। आरोपी तरसेम सिंह पर गैर-इरादतन हत्या, लापरवाही से हत्या और गंभीर वाहन हत्या जैसी कई संगीन आपराधिक धाराओं में केस दर्ज किया गया है। आईसीई के डिटेनर के तहत वह फिलहाल हिरासत में रहेगा और आपराधिक मुकदमे का परिणाम आने के बाद उसके निर्वासन की प्रक्रिया शुरू हो सकती है। इस मामले में जूरी ट्रायल 17 से 21 अगस्त के बीच होना तय हुआ है।









