
मथुरा : विधानसभा चुनाव से पहले राष्ट्रीय लोक दल ने जिले में अपना कमांडर बदल दिया है। करीब चार साल तक जिला अध्यक्ष रहे राजपाल भरंगर की जगह उद्योगपति प्रीतम सिंह को फोर्स की कमान सौंपी गई है। प्रीतम सिंह ने 2022 में गोवर्धन से विधानसभा चुनाव लड़ा था और इस बार फिर से दावेदार थे। अब जिला अध्यक्ष बनने के बाद गोवर्धन का राजनीतिक गणित फिर बदल सकता है। रियल एस्टेट कंपनी महाराजा ग्रुप के चेयरमैन प्रीतम सिंह रालोद मुखिया जयंत चौधरी के काफी करीबी हैं। फिलहाल जिला अध्यक्ष राजपाल भरंगर करीब चार साल का अपना कार्यकाल पूरा कर चुके हैं। ऐसे में शुक्रवार को जयंत चौधरी ने प्रीतम सिंह को पार्टी की कमान सौंप दी।
SP के टिकट पर गोवर्धन से चुनाव लड़ा था
साल 1995 में प्रीतम पाली डूंगरा गांव के ग्राम प्रधान बने और दो बार गांव के प्रधान बने। पहले उन्होंने समाजवादी पार्टी के साथ पॉलिटिक्स की। वे SP युवजन सभा के जिला अध्यक्ष थे और फिर 2012 में उन्होंने SP के टिकट पर गोवर्धन से चुनाव लड़ा। फिर उन्होंने 2022 के चुनाव में रालोद के टिकट पर किस्मत आजमाई, लेकिन दोनों बार नाकाम रहे। इस बार फिर प्रीतम सिंह गोवर्धन से विधानसभा चुनाव के लिए रालोद के टिकट के मजबूत दावेदार हैं।
गोवर्धन की बदलती इमेज का संकेत माना जा रहा
चूंकि अब RLD का BJP के साथ गठबंधन है, इसलिए गोवर्धन सीट पर RLD का दावा कमजोर दिख रहा है। गठबंधन में यह सीट रालोद के खाते में जाएगी, इसे लेकर पार्टी के सीनियर नेता भी परेशान हैं। ऐसे में प्रीतम सिंह जैसे सीनियर नेता को पार्टी की कमान देना भी गोवर्धन की बदलती इमेज का संकेत माना जा रहा है।
प्रीतम सिंह के दो भाई सेना में अधिकारी
बता दे कि प्रीतम सिंह की मां पहले गोवर्धन की ब्लॉक प्रमुख थीं और अब उनके छोटे भाई विपिन सिंह प्रमुख हैं। दो भाई सेना में अधिकारी हैं और एक भाई दिल्ली यूनिवर्सिटी में प्रोफेसर हैं। प्रीतम सिंह का कहना है कि वह हर वर्ग को पार्टी से जोड़ेंगे। नेशनल डेमोक्रेटिक अलायंस का हिस्सा होने के नाते सहयोगी पार्टियों के साथ तालमेल भी उनकी अहम जिम्मेदारी में शामिल है।









