
गुरूवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट से जुड़ी बड़ी ख़बर सामने आई. इलाहाबाद हाईकोर्ट ने तथ्य छिपाकर याचिका दाखिल करने वाले शिक्षक पर सख्ती दिखाई. अदालत ने शिक्षक के खिलाफ एक्शन लेते हुए उस पर एक लाख रुपये का जुर्माना भी लगा दिया है. दरअसल, गुरुवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट शिक्षक द्वारा निजी संगठन के नाम से दाखिल एक जनहित याचिका की सुनवाई कर रहा था.
दलीलों के क्रम में कोर्ट को ये ज्ञात हुआ कि सरकारी शिक्षक जो कि याची है, ने तथ्य छिपाकर लाभ लेने के लिए निजी संगठन के नाम से जनहित याचिका दाखिल की थी. याची ने खुद के खिलाफ दर्ज मुकदमे और सरकारी शिक्षक होने की जानकारी को भी कोर्ट से छिपाया. अदालत को ये तथ्य ज्ञात हुआ तो शिक्षक पर कोर्ट ने सख्ती दिखाई.
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने शिक्षक पर एक लाख का जुर्माना लगाया और साथ ही एक महीने के अंदर जुर्माने की राशि का भुगतान करने के निर्देश दिए. आरोपी बरेली में बेसिक शिक्षा विभाग में शिक्षक के पद पर कार्यरत है. मामले में सुनवाई के दौरान कोर्ट ने माना कि तथ्य छिपाकर लाभ लेने के लिए जनहित याचिका दायर की थी जिसे कोर्ट ने खारिज कर दिया.









