
लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ नगर निगम के एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए शहर में गमला चोरी की घटनाओं पर अपनी नाराजगी जताई और इसे एक शर्मनाक मॉडल करार दिया।
हम गमला लगाते हैं, लोग कार से आकर ले जाते हैं,कार से गमला चुराने का नया मॉडल दिखा,महंगी कारों से लोग गमला चुराकर ले गए,ढाई करोड़ की कार से 35 रुपये का गमला चुराया.
— भारत समाचार | Bharat Samachar (@bstvlive) May 26, 2026
मेरे मन में आया था उसकी फोटो चौराहे पर लगाऊं,ये पैसा हमारा नहीं,जनता जनार्दन का पैसा है,अब जो भी आता है, कहता है… pic.twitter.com/1dmu7y0WYm
महंगी कारों से गमला चोरी का नया मॉडल
मुख्यमंत्री ने तंज कसते हुए कहा कि अब शहर में कार से गमला चुराने का एक नया चलन देखने को मिल रहा है। उन्होंने घटना का जिक्र करते हुए कहा, “मैंने कार से गमला चुराने का एक नया मॉडल देखा है। लोग ढाई करोड़ की कार से आकर महज 35 रुपये का गमला चुराकर ले गए।” सीएम ने इस बात पर जोर दिया कि यह प्रवृत्ति बेहद शर्मनाक है और ऐसे लोगों की संकीर्ण मानसिकता को दर्शाती है।
‘जनता का पैसा है, इसे बर्बाद न करें’
मुख्यमंत्री ने नागरिकों को जिम्मेदारी का पाठ पढ़ाते हुए कहा कि यह पैसा किसी व्यक्ति विशेष का नहीं, बल्कि ‘जनता जनार्दन’ का है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि लोगों को गमलों का शौक है, तो वे चोरी करने के बजाय बाजार से गमले खरीदकर अपने घरों में लगा सकते हैं। साथ ही, उन्होंने खुलासा किया कि उनके मन में विचार आया था कि ऐसी हरकत करने वालों की फोटो चौराहों पर लगाई जाए। अपनी बात समाप्त करते हुए सीएम योगी ने कहा कि आज लखनऊ में जो भी आता है, वह शहर की स्वच्छता की प्रशंसा करता है, जिसे हमें निरंतर बनाए रखना है।









